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भारतीय मूल की ब्रिटिश सेना अफसर प्रीत चांडी बिना सपोर्ट करेंगी अंटार्कटिका की लंबी यात्रा

हौसले बुलंद : पृथ्वी से सबसे ठंडे और ऊंचे इलाके में नया अभियान

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जयपुर

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Aryan Sharma

Oct 16, 2022

भारतीय मूल की ब्रिटिश सेना अफसर प्रीत चांडी बिना सपोर्ट करेंगी अंटार्कटिका की लंबी यात्रा

भारतीय मूल की ब्रिटिश सेना अफसर प्रीत चांडी बिना सपोर्ट करेंगी अंटार्कटिका की लंबी यात्रा

लंदन. दक्षिणी ध्रुव पर ट्रेकिंग कर इतिहास रचने वाली भारतीय मूल की ब्रिटिश सेना की अधिकारी प्रीत चांडी अब बिना सपोर्ट अंटार्कटिका में 1,100 मील की यात्रा करने वाली हैं। उन्हें 'पोलर प्रीत' के नाम से भी जाना जाता है। इससे पहले उन्होंने 40 दिन में दक्षिणी ध्रुव की 700 मील यात्रा अकेले और बिना सपोर्ट पूरी की थी।
ब्रिटिश सेना की फिजियोथेरेपिस्ट प्रीत ने कहा, मुझे उम्मीद है कि यात्रा में करीब 75 दिन लगेंगे। दक्षिणी ध्रुव तक 700 मील की दूरी तय करने के बाद मुझे पता है कि मैं 1100 मील की दूरी तय कर सकती हूं। यह नहीं जानती कि मौसम कैसा होगा। अगर भारी हिमपात होता है, तो मुझे रफ्तार धीमी रखनी होगी। अंटार्कटिका पृथ्वी पर सबसे ठंडा, सबसे ऊंचा और सबसे शुष्क महाद्वीप है। वहां कोई स्थाई रूप से नहीं रहता। यह यात्रा मुझे महाद्वीप को बगैर किसी सहायता के पार करने वाली पहली महिला बना देगी।

नाम से जुड़ा रेकॉर्ड
स्वीडन की जोहाना डेविडसन और ब्रिटेन की हन्ना मैककेंड के बाद प्रीत तीसरी सबसे तेज महिला सोलो स्कीयर हैं। वह दो साल में पैदल दक्षिणी ध्रुव पहुंचने वाली पहली महिला हैं। ब्रिटिश सेना के जनरल स्टाफ के उप प्रमुख लेफ्टिनेंट जनरल शेरोन नेस्मिथ ने कहा, ब्रिटिश सेना को अपने इस राजदूत पर गर्व है।

युवा लड़कियों के लिए प्रेरणा की प्रतीक
ब्रिटिश सांसद तनमनजीत सिंह ढेसी ने ट्वीट किया, प्रीत सभी के लिए प्रेरणा की प्रतीक हैं, विशेष रूप से युवा लड़कियों के लिए। वह व्यक्तिगत सीमाओं को आगे बढ़ाने और अविश्वसनीय उपलब्धि हासिल करने के लिए प्रेरित करती हैं।