जयपुर। राजधानी जयपुर में बालश्रम का कलंक मिटने का नाम नहीं ले रहा है। शास्त्री नगर थाना पुलिस ने तीन महिलाओं सहित सात लोगों को गिरफ्तार कर 25 बच्चों को मुक्त करवाया है। पुलिस पूछताछ में सामने आया कि आरोपी बच्चों से 17 घंटे तक काम करवाते थे। बच्चों को नहाने के लिए ठंडा पानी दिया जाता था और काम नहीं करने पर उनके साथ मारपीट की जाती थी। बच्चों ने रोते हुए पुलिस को बताया कि उनसे एक ही कमरे में लगातार काम करवाया जाता था। बच्चों को बाहर निकलने की इजाजत नहीं नहीं थी और ना ही किसी से बात करने दिया जाता था।
पुलिस ने बताया कि गिरफ्तार सीतारा खातून सफीना खातून और शबनम परवीन नाहरी का नाका शास्त्री नगर और मोहम्मद इम्तियाज, मोहम्मद मजीद, मोहम्मद निजामीन, मोहम्मद गुलाम रब्बानी नाहरी का नाका शास्त्री नगर के रहने वाले हैं। इस मामले में 20 जनवरी को बाल विकास धारा संस्था से जुड़े महश बंजारा ने मानव तस्करी विरोधी यूनिट जयपुर उत्तर से कांस्टेबल अनिता और कांस्टेबल विनोद को इसकी जानकारी दी थी। इसमें बताया कि व्यास कॉलोनी शास्त्री नगर में बबलू के मकान में बच्चों से बालश्रम करवाया जा रहा हैं।
पुलिस ने दरवाजा तोड़कर बाहर निकाला
पुलिस ने बताया कि जब वह मकान पर पहुंचे तो आरोपियों ने गेट नहीं खोला। इसके चलते पुलिस को उनका गेट तोड़ना पड़ा। आरोपी बच्चों को पीछे के रास्ते से निकालकर ले जाने का प्रयास कर रहे थे। पुलिस ने घेराबंदी कर बच्चों को दस्तयाब कर लिया। अधिकतर बच्चे 14 साल से कम उम्र के हैं।