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प्रतियोगी परीक्षाओं के लिए रणनीति साझा: ‘प्रारम्भ 2026’ में मेधावी छात्रों का सम्मान, विशेषज्ञों ने दिए टिप्स

वक्ताओं ने विद्यार्थियों को कोम्प्रेहेंसिव तरीके से सोचने और विषयों को गहराई से समझने के लिए प्रेरित किया।

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जयपुर। मानसरोवर स्थित दीप स्मृति ऑडिटोरियम में आकाश इंस्टिट्यूट की ओर से 'प्रारम्भ 2026' कार्यक्रम का आयोजन किया गया। समारोह में कक्षा 8 से 11 और जेईई बैच के 2000 से अधिक छात्र और उनके अभिभावक शामिल हुए। आयोजन का मुख्य उद्देश्य आगामी सत्र की रूपरेखा साझा करना और विद्यार्थियों को भविष्य की चुनौतियों के लिए तैयार करना था।

कार्यक्रम के दौरान वक्ताओं ने विद्यार्थियों को कोम्प्रेहेंसिव तरीके से सोचने और विषयों को गहराई से समझने के लिए प्रेरित किया। बताया गया कि सफलता केवल पढ़ाई से नहीं, बल्कि अनुशासन और व्यक्तिगत देखभाल के समन्वय से प्राप्त होती है। आगामी वर्ष की पूरी अकादमिक योजना, टेस्टिंग प्रणाली और मेंटरशिप प्रोग्राम के बारे में विस्तार से जानकारी दी गई। संस्थान की कार्यप्रणाली में 'स्टूडेंट फर्स्ट' के विचार को सर्वोपरि रखा गया है, ताकि छात्रों का न केवल शैक्षणिक बल्कि व्यक्तित्व विकास भी सुनिश्चित हो सके।

समारोह में उन विद्यार्थियों को मंच पर सम्मानित किया गया जिन्होंने हाल ही में घोषित जेईई मेन फेज-1 2026 की परीक्षा में 99 से अधिक परसेंटाइल हासिल किए हैं। जयपुर के ऐसे 30 मेधावी छात्रों के साथ-साथ अन्य विभिन्न श्रेणियों में भी 30 बच्चों को पुरस्कृत किया गया। इस सम्मान समारोह का उद्देश्य अन्य छात्रों में आत्मविश्वास का संचार करना और उन्हें कठिन परिश्रम के लिए प्रोत्साहित करना था।

लर्निंग एंड डेवलपमेंट हेड गरिमा अरोड़ा ने सत्र को संबोधित करते हुए कहा कि प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी के दौरान दबाव महसूस होना स्वाभाविक है, लेकिन इस दबाव को अवसर में बदलना जरूरी है। उन्होंने बच्चों को खुद पर विश्वास बनाए रखने और सकारात्मक सोच के साथ निरंतर आगे बढ़ने की सलाह दी। इस अवसर पर बताया गया कि आकाश इंस्टिट्यूट मूल्यों पर आधारित शिक्षा प्रदान करने और छात्रों की सफलता के लिए एक समर्पित प्रणाली विकसित करने पर ध्यान केंद्रित कर रहा है।

रीजनल डायरेक्टर अखिलेश दीक्षित ने अभिभावकों के भरोसे के लिए आभार व्यक्त किया। उन्होंने स्पष्ट किया कि नियमित परामर्श और सफलता के ट्रैक पर बने रहने के लिए सही रणनीति का होना अनिवार्य है। कार्यक्रम के अंत में आगामी सत्र के लिए छात्रों को शुभकामनाएं दी गईं। यह आयोजन विद्यार्थियों के करियर निर्माण की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम के रूप में देखा जा रहा है।