Covaxin Vaccine : अमेरिका में कोवैक्सीन के आपातकालीन इस्तेमाल की मंजूरी नहीं

Covaxin Vaccine : अमेरिकी खाद्य एवं दवा नियामक (एफडीए) ने हैदराबाद आधारित भारत बायोटेक को बड़ा झटका देते हुए उसकी कोवैक्सीन को अमेरिका में आपातकालीन उपयोग के लिए मंजूरी देने से इनकार कर दिया है। कोविड-19 रोधी स्वदेशी कोवैक्सीन के इमरजेंसी उपयोग को फिलहाल मंजूरी देने से इनकार करते हुए भारतीय वैक्सीन प्रोड्यूसर के अमेरिकी साझेदार ओक्यूजेन को यह सलाह दी गई है कि वह भारतीय वैक्सीन के इस्तेमाल की मंजूरी के लिए और अधिक डेट प्रदान करे।

By: hanuman galwa

Published: 11 Jun 2021, 06:01 PM IST

अमेरिका में कोवैक्सीन के आपातकालीन इस्तेमाल की मंजूरी नहीं
13 देशों में मिली स्वीकृति, 60 देशों में मंजूरी का इंतजार

fda rejects emergency use authorization for bharat biotech covaxin vaccine
जयपुर। अमेरिकी खाद्य एवं दवा नियामक (एफडीए) ने हैदराबाद आधारित भारत बायोटेक को बड़ा झटका देते हुए उसकी कोवैक्सीन को अमेरिका में आपातकालीन उपयोग के लिए मंजूरी देने से इनकार कर दिया है।
कोविड-19 रोधी स्वदेशी कोवैक्सीन के इमरजेंसी उपयोग को फिलहाल मंजूरी देने से इनकार करते हुए भारतीय वैक्सीन प्रोड्यूसर के अमेरिकी साझेदार ओक्यूजेन को यह सलाह दी गई है कि वह भारतीय वैक्सीन के इस्तेमाल की मंजूरी के लिए और अधिक डेट प्रदान करे। भारत और अन्य देशों में तीन करोड़ से अधिक खुराक की आपूर्ति की गई है। यह वर्तमान में 13 देशों में आपातकालीन उपयोग प्राधिकरणों के तहत प्रशासित की जा रही है और आपातकालीन उपयोग प्राधिकरण के लिए आवेदन 60 से अधिक अतिरिक्त देशों में लंबित हैं।
एफडीए की सलाह
एफडीए ने ओक्यूजेन को ईयूए यानी आपातकालीन उपयोग की अनुमति आवेदन के बजाय जैविक लाइसेंस आवेदन (बीएलए) में जाकर अनुरोध करने को कहा है। साथ ही, अतिरिक्त जानकारी और डेटा प्रदान करने को कहा है। कंपनी का अनुमान है कि सबमिशन का समर्थन करने के लिए एक अतिरिक्त नैदानिक परीक्षण से डेटा की आवश्यकता होगी।
अभी इंतजार करना पड़ेगा
एफडीए के इस फैसले के बाद अब कंपनी को अमेरिका में अपनी वैक्सीन को लॉन्च करने के लिए और थोड़ा इंतजार करना होगा। बता दें कि कुछ दिनों पहले कोवैक्सीन के लिए अमेरिकी साझेदार ओक्यूजेन ने अमेरिकी दवा नियामक एफडीए से इस टीके के आपातकालीन इस्तेमाल की अनुमति मांगी थी।
संक्रमण रोकने में प्रभावी
कोवैक्सीन के अध्ययनों से पता चलता है कि इसने ब्राजील में सबसे पहले पहचाने गए सार्स-सीओवी-2, बी11282 के साथ ही अल्फा वैरिएंट, बी 117 को भी प्रभावी ढंग से बेअसर कर दिया है, जिसे पहली बार ब्रिटेन में पहचाना गया था। इसके अलावा इसे डेल्टा वैरिएंट, बी1617, जिसे पहली बार भारत में पहचाना गया था, उस पर भी प्रभावी बताया गया है।

Corona virus
hanuman galwa Desk
और पढ़े

राजस्थान पत्रिका लाइव टीवी

हमारी वेबसाइट पर कंटेंट का प्रयोग जारी रखकर आप हमारी गोपनीयता नीति और कूकीज नीति से सहमत होते हैं।
OK
Ad Block is Banned