चतुर्दशी युक्त अमावस्या पर 24 अक्टूबर को दिवाली का त्योहार मनाया जाएगा। इसके दूसरे दिन 25 अक्टूबर को खण्डग्रास सूर्यग्रहण रहेगा, इसलिए गोवर्धन पूजा नहीं होगी। गोवर्धन पूजा के दिन भगवान को गर्म तासीर के व्यंजन बाजरा, चावल, मूंग और मोठ सहित कच्चे भोजन का भोग लगाया जाता है, जो दिवाली के दूसरे दिन नहीं लगेगा। इस बार गोवर्धन पूजा 26 अक्टूबर को होगी। ऐसे में सूर्य ग्रहण के चलते इस बार पांच दिवसीय दीपोत्सव 6 दिवसीय होगा।