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प्रवेशोत्सव का पहला चरण- 3 से 18 साल तक के बच्चों को स्कूल और आंगनबाड़ी से जोड़े जाने का प्रयास, किया जाएगा हाउस होल्ड सर्वे

राज्य के सरकारी स्कूलों में शत-प्रतिशत Enrollment करने के साथ ही अनामांकित और Drop Out बच्चों को शिक्षा से जोडऩे के लिए प्रवेशेात्सव के पहले चरण की शुरुआत कर दी गई है।

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जयपुर

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Rakhi Hajela

May 03, 2023

प्रवेशोत्सव का पहला चरण- 3 से 18 साल तक के बच्चों को स्कूल और आंगनबाड़ी से जोड़े जाने का प्रयास, किया जाएगा हाउस होल्ड सर्वे

प्रवेशोत्सव का पहला चरण- 3 से 18 साल तक के बच्चों को स्कूल और आंगनबाड़ी से जोड़े जाने का प्रयास, किया जाएगा हाउस होल्ड सर्वे

राज्य के सरकारी स्कूलों में शत-प्रतिशत Enrollment करने के साथ ही अनामांकित और Drop Out बच्चों को शिक्षा से जोडऩे के लिए प्रवेशेात्सव के पहले चरण की शुरुआत कर दी गई है। इस दौरान शिक्षक घर घर जाकर जाकर सर्वे करेंगे और बच्चों को स्कूल से जोडऩे का काम करेंगे। 16 मई तक प्रवेशोत्सव के पहले चरण में सर्वे के जरिए बस स्टैंड, निर्माणाधीन भवन, गांव के बाहर छोटी बस्ती, ढाणी, खेत पर रहने वाले परिवार, मौसमी पलायन, प्रवासी मजदूरों के परिवार को शामिल कर उनके बच्चों को चिह्नित किया जाएगा। सर्वे में चिह्नित 3 से 18 साल तक के बच्चों को आंगनबाडिय़ों, स्कूलों, स्टेट ओपन, पत्राचार कोर्स या अन्य शैक्षिक संस्थानों से आयु के अनुरूप कक्षाओं में जोड़ा जाएगा। 5 साल या इससे अधिक आयु के बच्चों का स्कूल में नामांकन करवाना होगा।
नामांकित बच्चों को पाठ्यपुस्तकें निशुल्क दी जाएंगी।
प्रवेशोत्सव में पहली बार स्कूल में एडमिशन लेने वाले बच्चों का स्वागत किया जाएगा।
ड्रॉप आउट बच्चों को स्कूल से जोडऩे में क्षेत्र की महिला कार्यकर्ता, जनप्रतिनिधियों की मदद ली जा सकेगी।
स्कूल में नामांकन बढ़ाने के लिए बोर्ड परीक्षा में सर्वोच्च स्थान प्राप्त करने वाले स्टूडेंट्स की फोटो स्कूल में लगाई जाएगी।

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इनको दिया जाएगा तुरंत प्रवेश
. प्रवासी श्रमिक पैरेंट्स के साथ आने वाले बच्चों को किसी भी पहचान पत्र के आधार पर तुरंत प्रवेश दिया जाएगा। उन्हें अन्य किसी प्रकार के दस्तावेज जैसे पूर्व की कक्षा का प्रमाण, तबादला प्रमाणपत्र आदि लाने की जरूरत नहीं होगी।
इन पर रहेगा विशेष फोकस
. ऐसे बच्चे जो वर्तमान स्कूल वाले स्थान से अपने पैरेंट्स के साथ कहीं और चले गए हैं उनका नाम नामांकन पंजिका से नहीं हटाया जाएगा।
. ऐसे बच्चों के नाम नामांकन सूची में अलग से लिखे जाएंगे। उसके सामने अस्थाई अनुपस्थित या कोविड के कारण माइग्रेशन लिख जाएगा।
सर्वे में चिह्नित बच्चों की सूचना शाला दर्पण पोर्टल पर उपलब्ध मॉड्यूल में अपलोड करनी होगी।
इनका कहना है,
2 मई को स्कूलों में परीक्षा परिणाम घोषित किया गया है, ऐसे में 3 मई से प्रवेशोत्सव की शुरुआत कर दी गई है जो 16 मई तक चलेगा। इसमें घर घर जाकर टीचर बच्चों को पढ़ाई से जोड़ेगे। खासतौ पर ड्रॉपआउट हो चुके बच्चों को नामांकन से जोडऩे के लिए इसे आरंभ किया गया है।
राजेंद्र हंस, जिला शिक्षा अधिकारी
माध्यमिक।