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परिवहन विभाग के कर वसूली में करोड़ों की जालसाजी

परिवहन विभाग की ओर से राज्य की सीमाओं पर कर संग्रहण केन्द्र समाप्त करने के बाद कुछ लोग वाहनों का टैक्स जमा करने के नाम पर वाहन मालिकों और सरकार को करोड़ों रुपए का चूना लगा रहे हैं। जानकारी के अनुसार राजस्थान-गुजरात की सीमा पर गुजरात सीमा में बैठकर ठग गिरोह ये कृत्य कर रहे हैं।

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Heavy vehicles become a hindrance in the target recovery of the Transport Department

Heavy vehicles become a hindrance in the target recovery of the Transport Department

परिवहन विभाग की ओर से राज्य की सीमाओं पर कर संग्रहण केन्द्र समाप्त करने के बाद कुछ लोग वाहनों का टैक्स जमा करने के नाम पर वाहन मालिकों और सरकार को करोड़ों रुपए का चूना लगा रहे हैं। जानकारी के अनुसार राजस्थान-गुजरात की सीमा पर गुजरात सीमा में बैठकर ठग गिरोह ये कृत्य कर रहे हैं। राजस्थान के परिवहन विभाग ने जुलाई 2022 में राज्यों की सीमा पर लगाए विभागीय कर संग्रहण केन्द्रों को हटाकर इसे ऑनलाइन कर दिया। वाहन मालिक अपने स्तर पर घर बैठे टैक्स जमा करवा सकते हैं लेकिन जानकारी के अभाव में ऐसा नहीं हो रहा है और इसी का फायदा उठाकर राज्यों की सीमाओं पर फर्जी कर संग्रहण केन्द्र खोलकर बैठे ठग इसका फायदा उठा रहे हैं। कुछ समय पहले ही जोधपुर क्षेत्रीय कार्यालय के अधीन कार्यरत परिवहन निरीक्षकों की वाहनों की जांच के दौरान ये धोखाधड़ी उजागर हुई थी।

ऐसे बच सकते हैं

अगर आपने राज्य की सीमा पर या कहीं और जगह से टैक्स जमा करवाया है तो आप vahan. parivahan. gov. द्बठ्ठ इस साइट पर जाकर जांच कर सकते हैं कि आपके वाहन का टैक्स जमा हुआ है या नहीं। इस साइट को ओपन करके चैक पोस्ट टैक्स खोलने पर चैक रिसिप्ट डिटेल खुलेगा। इसमें खुले विकल्प में वाहन नम्बर डालकर या जमा टैक्स की रसीद नम्बर डालकर पता लगाया जा सकता है कि भरा गया टैक्स सरकारी खाते में गया या नहीं।

ऐसे करते हैं ठगी
एक से दूसरे राज्य में भारी व व्यवसायिक यात्री वाहनों के प्रवेश पर संबंधित राज्य में कर चुकाना होता है। पहले कर जमा करने के लिए परिवहन विभाग के कर संग्रहण केन्द्र होते थे लेकिन हाल में इन्हें हटा दिया गया। ऐसे में गुजरात राज्य की सीमा पर दुकानें लगाकर निजी लोग इन वाहनों का टैक्स जमा कर रहे हैं। यहां पर टैक्स जमा करने के नाम पर फर्जी सॉफ्टवेयर के माध्यम से टैक्स जमा होना बताया जाता है। इसमें वाहन मालिक के पास मोबाइल पर बाकायदा संदेश जाता है और साथ ही टैक्स जमा करवाने के बाद रसीद दी जा रही है, जो परिवहन विभाग की रसीद जैसी है।

यहां पर हो रही है ठगी

जानकारी के अनुसार गुजरात रास्ते आने वाले वाहन मालिकों के साथ सिरोही, जालोर, बांसवाड़ा, डूंगरपुर जिलों से राजस्थान में प्रवेश करने के दौरान टैक्स जमा के नाम पर फर्जीवाड़ा हो रहा है। सूत्रों ने बताया कि इन जिलों की सीमा पर अब तक टैक्स जमा के नाम पर अभी तक करोड़ों रुपए की अवैध टैक्स वसूली हो चुकी है।

मामले सामने आए थे

गुजरात राज्य की सीमा जालौर, सिरोही जिलों से लगती है, वहां पर ऐसे धोखाधड़ी के मामले सामने आए थे। लेकिन ये धोखाधड़ी राजस्थान सीमा में नहीं हुई। गुजरात राज्य की सीमा में वाहन चालक ठगी के शिकार हुए, लेकिन अब जागरूक हो गए हैं। बाड़मेर में ऐसी कोई शिकायत अभी तक नहीं मिली है।

-ओ पी मुंडेल, जिला परिवहन अधिकारी बाड़मेर