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गृह निर्माण सहकारी समितियों के फर्जीवाड़े पर लगाम

ऑडिट रिपोर्ट नहीं देने पर होगी कार्रवाईदर्ज करवाई जाएगी एफआईआरपंजीयन किया जाएगा निरस्तअब तक हुई मात्र दो समितियों की ऑडिट

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जयपुर

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Rakhi Hajela

Nov 18, 2020

गृह निर्माण सहकारी समितियों के फर्जीवाड़े पर लगाम

गृह निर्माण सहकारी समितियों के फर्जीवाड़े पर लगाम

सरकार को ऑडिट रिपोर्ट नहीं देने पर अब गृह निर्माण सहकारी समितियों की खैर नहीं। राज्य सरकार ने गृह निर्माण सहकारी समितियों के फर्जीवाड़े पर लगाम लगाने के लिए बड़ा फैसला लिया है। जिन गृह निर्माण सहकारी समितियों की ओर से ऑडिट के लिए रिकॉर्ड उपलब्ध नहीं करवाया जा रहा है, ऐसी समितियों के खिलाफ एफआईआर दर्ज कराई जाएगी और इस्तगासा दायर किया जाएगा।
अवसायन वाली समितियों का पंजीयन होगा निरस्त
राज्य में जितनी भी गृह निर्माण सहकारी समितियां हैं जो अवसायन में है, विभाग दो महीने में पंजीयन निरस्त करने की कार्रवाई करेगा। इस संबंध में सहकारिता मंत्री उदयलाल आंजना ने निर्देश जारी कर दिए हैं। उन्होंने उप रजिस्ट्रार को कार्रवाई करने के निर्देश दिए हैं। राज्य में 968 गृह निर्माण सहकारी समितियों में से 231 सक्रिय हैं, 522 निष्क्रिय हैं और 215 अवसायन में हैं।


लापरवाह निरीक्षकों पर होगी कार्रवाई
जयपुर में 160 गृह निर्माण सहकारी समितियां है, जिसमें से 2019.20 तक 93 सक्रिय समितियों में से मात्र 2 गृह निर्माण सहकारी समितियों की ऑडिट हुई है, इसलिए अब विभाग बाकी सभी समितियों के खिलाफ कार्यवाही करेगा। वहीं, समय पर ऑडिट नही करने वाले निरीक्षकों के खिलाफ अनुशासनात्मक कार्यवाही अमल में लाई जाएगी। उन्होंने यह भी निर्देश दिए हैं कि किसी एक निरीक्षक के पास ऑडिट और पंच निर्णय के लिए अधिक समितियां नहीं होनी चाहिए।

पोर्टल पर अपलोड करनी होगी रिपोर्ट

गृह निर्माण सहकारी समितियों में होने वाले फर्जीवाड़े को रोकने के लिए समय पर ऑडिट के साथ ऑडिट रिपोर्ट को भी सहकार पोर्टल पर अपलोड करना भी जरूरी होगा। मंत्री आंजना ने निर्देंश दिए हैं कि राज्य में जितनी भी निष्क्रिय गृह निर्माण सहकारी समितिया हैं, उनको अवसायन में लाया जाए और अवसायन में लाकर नियमानुसार पंजीकरण निरस्त किया जाए। विभाग के जिलों में प्रभारी नियुक्त किए गए हैं, उन प्रभारियों का दायित्व है कि जिले में इस प्रकार से चल रही गृह निर्माण सहकारी समितियों की रिपोर्ट तैयार कर पंजीयन निरस्त की कार्यवाही की जाए।
इनका कहना है,
इस प्रकार की धांधलियां देखने को मिल रही हैं। गृह निर्माण समितियों पर पूर्व सरकारों ने ध्यान नहीं दिया। अब हम ऐसी फर्जी गृह निर्माण समितियों पर कार्रवाई करने जा रहे हैं। समितियों को तुरंत ऑडिट करवाने के लिए कहा गया है।जो समितियां ऑडिट नहीं कर रही उनके लाइसेंस निरस्त किए जा रहे हैं।
उदयलाल आंजना,
सहकारिता मंत्री