
जयपुर। राजस्थान लोक सेवा आयोग (RPSC) की ओर से सोमवार को आयोजित प्रधानाध्यापक संस्कृत प्रवेशिका परीक्षा की दूसरी पारी में एक अभ्यर्थी शिक्षक हड़बड़हाट में परीक्षा केन्द्र में ब्लूटूथ ले गया। गनीमत रही कि परीक्षा शुरू होने से आधे घंटे पहले गले में लगे मोबाइल ब्लू टूथ पर गया। उसने वीक्षक को ब्लूटूथ ईयर फोन थमा दिया। वीक्षक ने मामले की आदर्श नगर थाना पुलिस को सूचना दी। पुलिस ने अभ्यर्थी शिक्षक को हिरासत में लेकर पड़ताल की। हालांकि पुलिस ने भी हड़बड़ाहट में ले जाना पाया।
थानाप्रभारी सुगनसिंह ने बताया कि नागौर डेगाना सिसोदिया जावा निवासी पिंटूराम मेघवाल सोमवार को आरपीएससी की प्रधानाध्यापक संस्कृत प्रवेशिका परीक्षा में आदर्शनगर के राजकीय बालिका उच्च माध्यमिक विद्यालय में परीक्षा देने पहुंचा। पहली पारी की परीक्षा देकर वह खाना खाने अपने भाई के पास बाइक से शास्त्रीनगर आ गया। दूसरी पारी के लिए निकला तो रास्ता भटक गया। तेजी में सीधा परबतपुरा चौराहा पहुंचा। फिर वापस रास्ता पूछते-पाछते लौटा तब तक २ बज चुके थे।
हड़बड़ी में भूला निकालना
परीक्षा केन्द्र में आनन-फानन में दाखिल होते हुए उसने मोबाइल फोन तो बैग में रख दिया लेकिन ब्लू-टूथ ईयर फोन गले में लटका रह गया। प्रश्न पत्र मिलने से करीब आधा घंटे पहले पिन्टूराम का ध्यान गले पर गया तो उसको ब्लू टूथ का आभास हुआ। उसने तुरन्त वीक्षक को गलती से ब्लूटूथ साथ ले आने की बात कही। वीक्षक ने मामले में केन्द्र प्रभारी को सूचित किया। केन्द्र प्रभारी ने भी तत्काल ब्लूटूथ जब्त कर आदर्शनगर थाना पुलिस और आरपीएससी को सूचित कर दिया।
फ्लाइट मोड पर फोन, ब्लूटूथ बंद
थानाप्रभारी सिंह ने बताया कि पिन्टूराम परबतसर के पास सरकारी स्कूल में शिक्षक है। पुलिस पड़ताल में सामने आया कि पिन्टूराम के पास मिला ब्लूटूथ बंद था। जबकि मोबाइल फोन बैग में फ्लाइट मोड पर था। पुलिस ने उसे परीक्षा देने दी। परीक्षा छूटने के बाद पुलिस उसे थाने ले गई। आईटी एक्सपर्ट ने मोबाइल फोन खंगालने के बाद किसी भी तरह से नकल ना होने पर निश्चित होने के बाद उसे रिहा कर दिया।
Published on:
12 Oct 2021 12:45 am
