
सांकेतिक तस्वीर, मेटा एआइ
जयपुर। रेप के झूठे मामले में फंसाने की धमकी देकर मोटी रकम ऐंठने के मामले का खुलासा करते हुए जयपुर पुलिस ने दो आरोपियों को गिरफ्तार किया है। आरोपी एक प्राइवेट यूनिवर्सिटी के चेयरमैन को ब्लैकमेल कर 2.5 करोड़ रुपए की मांग कर रहे थे। आपत्तिजनक फोटो वायरल करने की धमकी देकर रुपए की मांग को लेकर चेयरमैन पर दबाव बनाया जा रहा था। पुलिस अब मामले की जांच कर अन्य आरोपियों को भी पकड़ने की कार्रवाई कर रही है।
आरोपियों ने आपत्तिजनक फोटो के आधार पर यूनिवर्सिटी के चेयरमैन डॉ. बी.एस. तोमर को झूठे रेप केस में फंसाने का भय दिखाया और रकम नहीं देने पर फोटो वायरल करने की धमकी दी। पुलिस जांच में सामने आया कि आरोपी महेश कुमार यादव ने अपने मित्र परमवीर शर्मा के साथ मिलकर यह साजिश रची। आरोपियों ने निम्स यूनिवर्सिटी की स्टूडेंट वेलफेयर निदेशक दीक्षा शर्मा के माध्यम से भी दबाव बनाने की कोशिश की।
जांच में यह भी सामने आया कि आरोपी महेश कुमार यादव ने धमकी देकर 50 हजार रुपए की राशि भी वसूल ली थी। पुलिस ने बताया कि आरोपियों के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता की विभिन्न धाराओं सहित आईटी एक्ट की धारा 67 के तहत मामला दर्ज किया गया है। दोनों आरोपियों को गिरफ्तार कर कोर्ट में पेश किया जहां से उन्हें जेल भेज दिया गया।
अतिरिक्त पुलिस उपायुक्त (चोरी एवं नकबजनी) पुष्पेन्द्र सिंह सोलंकी ने बताया कि गिरफ्तार आरोपी चंदवाजी निवासी परमवीर शर्मा (27) और सुंदरपुरा चंदवाजी निवासी महेश कुमार यादव (32) हैं। पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से मोबाइल फोन जब्त किया है। मोतीडूंगरी थाने में पूर्व में दर्ज प्रकरण संख्या 121/25 के तहत यह कार्रवाई की गई।
पुलिस के अनुसार मामले की जांच अभी चल रही है और साजिश में शामिल अन्य आरोपियों को भी जल्द ही गिरफ्तार करने की कार्रवाई की जाएगी। आरोपियों ने चेयरमैन से पूर्व में 50 हजार रुपए वसूल भी कर लिए थे। आरोपियों ने यूनिवर्सिटी की स्टूडेंट वेलफेयर निदेशक दीक्षा शर्मा के माध्यम से भी दबाव बनाने का प्रयास किया था। पुलिस मामले में अब दीक्षा शर्मा की संलिप्तता की भी जांच कर रही है।
Published on:
02 Jan 2026 07:03 am
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