
जयपुर।
गुजरात विधायक और दलित नेता जिग्नेश मेवाणी ने राजस्थान की वसुंधरा सरकार पर ज़बरदस्त हल्ला बोला है। जयपुर एयरपोर्ट पर उतारते ही हिरासत में लिए जाने की बात पर मेवाणी ने राजे और उनकी सरकार पर निशाना साधा। मेवाणी ने कहा, सरकार ऐसे कदम उठा रही है, जैसे विनाश के समय कोई हड़बड़ाहट में उठाया जाता है। उन्होंने कहा कि अभी तो लौट रहा हूं, लेकिन कुछ दिन बाद फिर आऊंगा और भाजपा के साथ ही संघ को जवाब दिया जाएगा।
ये पूछे जाने पर कि आपके आने से राजस्थान में कानून व्यवस्था बिगड़ने का डर रहता है तो इसपर उन्होंने कहा, एक भी घटना तो बताएं, जहां मेरे बोलने से व्यवस्था बिगड़ी हो।
राजे सरकार को आड़े हाथ लेते हुए जिग्नेश ने कहा कि सरकार को डर है। ऐसा पहली बार नहीं हुआ, 25 फरवरी को रामलीला मैदान में पहले इजाजत दी और फिर मना कर दिया गया। हमने कहा था कि 3-4 हजार लोग आएंगे मगर पुलिस ने कहा कि 50 हजार लोग आ सकते हैं। यह डर नहीं तो और क्या है?
जिग्नेश ने मोदी और राजे सरकार पर कहा कि आपने 2 करोड़ लोगों को रोजगार देने का वायदा किया, क्या हुआ? राजस्थान में उसका 10 प्रतिशत भी रोजगार मिलता तो विरोध क्यों होता? यह डर की स्थिति क्यों होती?
'आदेश को चैलेन्ज करूंगा'
पुलिस ने जो आदेश थमाया है, उसे चैलेंज करूंगा। आदेश में लिखा है कि आपके वक्तव्य से कानून-व्यवस्था बिगड़ती है।
'पूरे आदेश में एक्ट की विरोधी बातें लिखी है'
जिस मुद्दे पर कोर्ट में मामला विचाराधीन है, उसका जिक्र केवल तीन लाइन में है। बाकी पूरे आदेश में एक्ट की विरोधी बातें लिखी है। सरकार कहती हैै कि संशोधन के खिलाफ हम सुप्रीम कोर्ट पहुंचे जबकि 2 अप्रेल के बाद सरकार कोर्ट पहुंची। वहां हुआ क्या, अटॉर्नी जनरल ने अपने जूनियर को कोर्ट भेज दिया। सरकार क्यों नहीं अध्यादेश लाती है?
'पहले भी हो चूका है ऐसा'
यह भाजपा सरकार वाले राज्यों में ही हो रहा है। गुजरात में 7 दिन में 2 बार मुझे डिटेन किया जाता है।
ट्वीट कर जताया विरोध
पुलिस ने रोका तो नाराजगी जाहिर करते हुए जिग्नेश ने एक के बाद एक कई ट्वीट किए। इसमें कहा, मैं तो भारतीय संविधान और बाबा साहेब पर बोलने के लिए नागौर जा रहा था। जयपुर एयरपोर्ट पर पुलिस ने एक पत्र पर हस्ताक्षर कराए, जिसमें लिखा था कि नागौर जिले में मेरे प्रवेश पर प्रतिबंध है। जयपुर में भी घूमने की इजाजत नहीं है। ये लोग अहमदाबाद वापस जाने का दबाव बना रहे हैं। सरकार दोहरा रवैया अपना रही है। जिग्नेश एयरपोर्ट पर करीब 4 घंटे तक सोशल नेटवर्क पर अपनी बात साझा करते रहे। इनमें मुख्यमंत्री को चेताया कि भागवत को मनुस्मृति पर बोलने के लिए नागौर जाने की इजाजत है लेकिन उन्हें बाबासाहेब भीमराव आम्बेडकर की फिलॉसफी बताने पर रोक। यह वादा रहा कि अब चुनाव में मजा आएगा।
मेड़ता रोड में लगाई निषेधाज्ञा
मेड़ता रोड. कस्बे में आम्बेडकर जयंती समारोह से पूर्व पुलिस-प्रशासन ने धारा 144 लगाते हुए मेवाणी के आने पर रोक के आदेश जारी किए। इससे नाराज वक्ताओं ने समारोह में केन्द्र व राज्य सरकार की आलोचना की। हालांकि कार्यक्रम शांतिपूर्वक सम्पन्न हुआ। सभा में जयपुर से आए आइपीएस पंकज चौधरी ने कहा कि अहिंसात्मक आंदोलन ही सफलता दिलाता है। पुलिस के जवान भी समाज का अंग हैं, जो संविधान की शपथ लेकर कार्यग्रहण करते हैं। उनका सम्मान करते हुए कार्य करना चाहिए। आम्बेडकर महासभा की राष्ट्रीय अध्यक्ष विद्या गौतम ने कहा कि 8 अगस्त से देशव्यापी 'हिस्सेदारी-भागीदारी' आंदोलन शुरू किया जाएगा।
जालौर आने का भी था कार्यक्रम
दो दिन पहले सोशल मीडिया पर चर्चा थी कि जिग्नेश जालौर के रानीवाड़ा में सभा करने वाले हैं। इस पर वहां के कलक्टर ने गृह विभाग को पत्र भेजा। वहां सभा के लिए कोई इजाजत नहीं मांगी गई थी। जवाब में विभाग ने का था कि मामला स्थानीय स्तर का है, निर्णय कलक्टर अपने स्तर पर ही करें। हालांकि शनिवार को हुई सभा में जिग्नेश नहीं आए। जिग्नेश का कहना है आना तो था लेकिन दिल्ली में अन्य कार्यक्रम के कारण नहीं आ पाए।
पुलिस को आखिर नजर आए केसावत, गिरफ्तार
एयरपोर्ट पर जिग्नेश की अगवानी करने पहुंचे पूर्व राज्य मंत्री गोपाल केसावत बजाजनगर थाना पुलिस को आखिरकार नजर आ गए और उन्हें गिरफ्तार कर लिया गया। पुलिस ने बताया कि वर्ष २००९ में शंकरलाल ने अपने पुत्र के सड़क दुर्घटना में गंभीर चोट लगने को लेकर रिपोर्ट दर्ज कराई थी। केसावत के खिलाफ स्टैंडिंग वारंट था। उन्हें कांग्रेस सरकार में राज्य मंत्री का दर्जा मिला था और वह विमुक्त घूमंतु अद्र्धघूमंतु बोर्ड के अध्यक्ष भी रह चुके हैं।
नागौर पुलिस ने जयपुर में नोटिस तामील कराया। मेवाणी का पिछला रिकॉर्ड था और 2 अप्रेल को नागौर में हुए घटनाक्रम के मद्देनजर उनके आने पर स्थिति खराब होने की आशंका थी। इंटेलीजेंस से भी सूचना थी। बाकी कार्यक्रम पर कोई रोकटोक नहीं थी।
- परिस देशमुख, पुलिस अधीक्षक, नागौर
Updated on:
16 Apr 2018 11:03 am
Published on:
16 Apr 2018 11:02 am
बड़ी खबरें
View Allजयपुर
राजस्थान न्यूज़
ट्रेंडिंग
