17 फ़रवरी 2026,

मंगलवार

Patrika Logo
Switch to English
home_icon

मेरी खबर

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

जयपुर

गोविंद के दरबार में जीवंत हुई बरसाना की लट्ठमार होली, 60 कलाकारों ने बिखेरे ब्रज संस्कृति के रंग

तीन दिवसीय होलिकोत्सव के अंतिम दिन विभिन्न कलाकारों ने मनमोहक प्रस्तुतियां देकर हाजिरी लगाई।

Google source verification

जयपुर. गोविंददेवजी मंदिर में महंत अंजन कुमार गोस्वामी के सान्निध्य में चले रहे तीन दिवसीय होलिकोत्सव के अंतिम दिन विभिन्न कलाकारों ने मनमोहक प्रस्तुतियां देकर हाजिरी लगाई। आखिरी दिन ब्रज की लट्ठ मार होली आकर्षण का केंद्र रही। गोप-गोपियों ने राधा कृष्ण के समक्ष लट्ठ मार होली खेली। फाग खेलन बरसाने में आए है नटवर नंदकिशोर…गीत से शुरू हुई लट्ठमार होली में 60 से अधिक कलाकारों ने पंडित अविनाश शर्मा के निर्देशन में प्रस्तुति देकर दर्शकों को मंत्र मुग्ध कर दिया। जहां गोपी बनी महिला कलाकारों ने गोप का रूप धरे पुरूष कलाकारों पर लट्ठ बरसाए वहीं गोपों ने बांस की बनी छाबों से अपना बचाव किया। संजय रायजादा और मंजू शर्मा ने गोविन्दथारा दरबार में रंग चढ्यों फागण को…, भजन की प्रस्तुति दी। संयोजक गोविंद धामाणी ने बताया कि लोक कलाकारों ने फाग के भजनों पर लोक नृत्य के प्रस्तुति देकर खूब तालियां बटोरी। मंदिर प्रशासन की ओर से धामाणी परिवार का होली का स्वांग किया गया। इस मौके पर मानस गोस्वामी ने मुन्ना लाल भाट को गायन में संतोष मारु को नृत्य और कौशल कांत पंवार को वादन के क्षेत्र में उल्लेखनीय सेवाएं देने के लिए गोविंद सम्मान प्रदान किया।