11 जनवरी 2026,

रविवार

Patrika LogoSwitch to English
home_icon

होम

video_icon

शॉर्ट्स

catch_icon

प्लस

epaper_icon

ई-पेपर

profile_icon

प्रोफाइल

सुप्रीम कोर्ट के आदेश के बाद भी राजस्थान में नहीं होगी पद्मावत रिलीज

फिर भी पुलिस तैनात रहेगी सभी सिनेमा घरों पर

2 min read
Google source verification
jaipur

ओमप्रकाश शर्मा / जयपुर। सुप्रीम कोर्ट के आदेश की पालना में गुरुवार को पद्मावत फिल्म रिलीज होगी। हालांकि प्रदेश में अभी भी फिल्म रिलीज का समय नहीं आया है। करणी सेना के विरोध को देखते हुए यहां एक भी सिनेमा हॉल में फिल्म नहीं लगाई जा रही। अघोषित रोक के बावजूद सुरक्षा के लिहाज से हर सिनेमा घर के बाहर पुलिस तैनात होगी। पुलिस ने सभी सिनेमाघरों की लिस्टिंग कर सुरक्षा व्यवस्था को जायजा लिया है।

पुलिस मुख्यालय की ओर से सभी जिला एसपी को निर्देश दिए गए हैं। इसको लेकर एक दिन पहले ही गृह विभाग ने डीजी व अन्य पुलिस अधिकारियों की बैठख बुलाई थी। बैठक में तय हुआ है कि किसी सिनेमा हॉल में फिल्म लगती है तो वहां फिल्म हॉल व दर्शकों को सुरक्षा व्यवस्था उपलब्ध कराई जाएगी। प्रदेश में बुधवार शाम तक किसी हॉल में फिल्म रिलीज होने की जानकारी नहीं आई।

अकबर जोधा फिल्म भी नहीं

पद्मावत से पहले अकबर जोधा के समय भी लगभग यह हाल देखने को मिले थे। उस समय भी पूरे देश में फिल्म रिलीज हुई, लेकिन राजस्थान में किसी भी सिनेमा घर में फिल्म नहीं दिखाई गई।

जयपुर के 24 सिनेमा हॉल, कोई तैयार नहीं

प्रदेश में वर्तमान में 179 सिनेमा हॉल हैं। जयपुर सम्भाग में 54 सिनेमा में से शहर में 24 हैं। इसी तरह अजमेर में 36, उदयपुर में 16, भरतपुर 11, कोटा 14, जोधपुर 28 तथा बीकानेर सम्भाग में 20 सिनेमा हॉल हैं। जयपुर सहित किसी भी सिनेमा हॉल में पद्मावत फिल्म नहीं दिखाई जा रही है।

-सभी सिनेमा घरों की सुरक्षा व्यवस्था की गई है। इसके लिए सभी जिला एसपी को भी निर्देश दिए गए हैं।
एन.आर.के. रेड्डी, एडीजी लॉ एण्ड ऑर्डर

करगिल शहीद की वीरांगना ने बांधी सिनेमाघर संचालकों के राखी

बाड़मेर। पद्मावत फिल्म को लेकर प्रदेशभर में चल रहे विरोध के बीच जिला मुख्यालय पर करगिल शहीद उगमसिंह की वीरांगना किरण कंवर बुधवार को मुख्यालय के दोनों सिनेमाघरों पर पहुंची और उन्होंने सिनेमाघर संचालकों के राखी बांधी। वादा लिया कि पद्मावत फिल्म को नहीं दिखाएंगे। वीरांगना ने कहा कि शांति व्यवस्था, राजस्थान की मर्यादा, इतिहास और स्त्रियों के प्रति सम्मान के लिए भाई बनकर यह फर्ज निभाएं। सिनेमाघर संचालकों ने राखी की लाज रखने का वचन दिया।