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अवैध वसूली नहीं रोक पाए तो बढ़ा दिया पार्किंग शुल्क

राज्य सरकार ने मरीजों के लिए अधिकतर दवाएं और जांच तो निशुल्क कर दी, लेकिन पार्किंग शुल्क के नाम पर जेब ढीली करनी पड़ रही है।

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Nidhi Mishra

Feb 16, 2016

राज्य सरकार ने मरीजों के लिए अधिकतर दवाएं और जांच तो निशुल्क कर दी, लेकिन पार्किंग शुल्क के नाम पर जेब ढीली करनी पड़ रही है। मथुरादास माथुर अस्पताल में सोमवार को किए गए नए ठेके में पार्किंग शुल्क बढ़ाकर दुगुना कर दिया गया है। अब यहां आने वाले मरीजों को दुपहिया वाहन के कम से कम 10 रुपए व चौपहिया वाहन के 20 रुपए शुल्क देना होगा। उधर, जिम्मेदारों का कहना है कि अधिकारियों ने बैठक कर यह शुल्क तय किया है।

एमडीएमएच में सोमवार को 37 लाख 500 रुपए में पार्किंग ठेका दिया गया। इसमें नया पार्किंग शुल्क दुपहिया वाहन के लिए 4 घंटे के 10 व 24 घंटे तक खड़ा करने के दुगुना शुल्क लगेगा। उसी तरह चौपहिया के 20 रुपए व 24 घंटे तक खड़े करने पर दुगुना शुल्क देना होगा। जबकि अब से पहले दुपहिया वाहनों के 5 व चौपहिया वाहन के 10 रुपए लगते थे।

एक जैसे संस्थानों में अलग-अलग नियम
एमडीएमएच में जहां नए नियम के तहत पार्किंग शुल्क बढ़ाकर दुगुना कर दिया गया है, वहीं दूसरी ओर महात्मा गांधी अस्पताल और पावटा जिला अस्पताल की पार्किंग में दुपहिया वाहन का 5 रुपए व चौपहिया वाहन का 10 रुपए शुल्क है।

मेडिकल रिलीफ सोसायटी ने तय की दरें
नए ठेके में पार्किंग शुल्क दुपहिया व चौपहिया का पहले चार घंटे के 10 व 20 रुपए रखा गया है। चार घंटे से अधिक वाहन खड़ा करने पर 20 रुपए 40 रुपए शुल्क लगेगा। यह शुल्क मेडिकल रिलीफ सोसायटी (एमआरएस) ने निर्धारित किया है।
- डॉ. दिलीप चौहान, उप प्राचार्य, एसएन मेडिकल कॉलेज जोधुपर