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‘कांग्रेस पृष्ठभूमि के कर्मचारियों को बॉर्डर पर भेजा’, डोटासरा बोले- सर्वदलीय बैठक में प्रदेशाध्यक्षों को नहीं बुलाया

राजस्थान बॉर्डर पर कर्मचारियों की तैनाती को लेकर कांग्रेस प्रदेशाध्यक्ष गोविंद सिंह डोटासरा ने भजनलाल सरकार पर निशाना साधा।

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govind singh dotasara

गोविंद सिंह डोटासरा

Rajasthan Politics: राजस्थान बॉर्डर पर कर्मचारियों की तैनाती को लेकर कांग्रेस प्रदेशाध्यक्ष गोविंद सिंह डोटासरा ने भजनलाल सरकार पर निशाना साधा। उन्होंने कांग्रेस पृष्ठभूमि के कर्मचारियों को बॉर्डर वाले इलाकों में भेजने का आरोप लगाया। साथ ही उन्होंने सर्वदलीय बैठक में पार्टी प्रदेशाध्यक्षों को नहीं बुलाए जाने पर भी सवाल उठाए।

कांग्रेस प्रदेशाध्यक्ष गोविंद सिंह डोटासरा ने राज्य सरकार पर हमला बोलते हुए कहा कि सरकार ने महीनों से एपीओ चल रहे कर्मचारियों को अचानक बॉर्डर वाले जिलों में भेज दिया गया है। कांग्रेस पृष्ठभूमि के कर्मचारी बॉर्डर पर जाने से नहीं डरते हैं, लेकिन सरकार इसमें भी भेदभाव कर रही है। डोटासरा सोमवार को प्रदेश कांग्रेस मुख्यालय में मीडिया से बातचीत कर रहे थे।

सरकार में ब्यूरोक्रेट हावी- डोटासरा

उन्होंने सरकार की ओर से बुलाई सर्वदलीय बैठक में पार्टी प्रदेशाध्यक्षों को नहीं बुलाए जाने पर भी सवाल उठाए। डोटासरा ने कहा कि बैठक में सत्ताधारी पार्टी के प्रदेशाध्यक्ष मदन राठौड़ को नहीं बुलाया। सरकार में पूरे तरीके से ब्यूरोक्रेट हावी है, जो नहीं चाहते कि सर्वदलीय बैठक में सबको बुलाया जाए।

मदन राठौड़ को नहीं बुलाना, समझ से परे- डोटासरा

डोटासरा ने आगे कहा कि सर्वदलीय बैठक में मुझे कांग्रेस का प्रदेशाध्यक्ष होने के नाते नहीं बुलाया गया, ये तो समझ में आती है। लेकिन, भाजपा के प्रदेशाध्यक्ष को भी नहीं बुलाया गया। जबकि मदन राठौड़ दिल्ली से चलकर आए थे। यह बात समझ से परे है। राजनीतिक दलों के अध्यक्षों को ही सर्वदलीय बैठक में नहीं बुलाया जाएगा तो फिर वो किस तरह की सर्वदलीय बैठक हुई?

पीसीसी चीफ ने कहा कि समय रहते सरकार को इसकी सुध लेनी चाहिए। क्योंकि जिस तरह से सरकार में नौकरशाह हावी है, मंत्रियों की नहीं चल रही है। उससे आने वाले दिनों में सरकार के खिलाफ जनता में आक्रोश पनप सकता है।

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