
जयपुर.
जयपुर शहर में लोग आए दिन दूषित पानी के सेवन से बीमार हो रहे हैं। लेकिन पीएचईडी के इंजीनियर इस तरह की समस्याओं का समाधान नहीं कर पा रहे हैं और बच्चे से लेकर बुजुर्ग उल्टी-दस्त के शिकार हो रहे हैं।
मानसरोवर क्षेत्र में ग्रेटर निगम के वार्ड 69 के सेक्टर 42 और 43 में बीते दस दिन से घरों में सुबह पानी सप्लाई के समय सीवर का जैसा मटमैला व दूषित पानी आ रहा है। पीएचईडी के इंजीनियर क्षेत्र में आए, लेकिन समस्या का समाधान करके नहीं गए। इस दूषित पानी के सेवन का दुष्प्रभाव दिखने लगा है और कई घरों में बच्चे और बुजुर्ग उल्टी-दस्त के शिकार बताए जा रहे हैं। समस्या का समाधान नहीं हुआ तो लोगों का सब्र टूटा और वे सोमवार को मानसरोवर में सड़क पर उतर आए और मध्यम मार्ग पर रैली निकाली।
स्थानीय पार्षद आशीष शर्मा ने बताया कि घरों में दस दिन से सीवर का पानी आ रहा है। सूचना पर पीएचईडी के सहायक अभियंता अमित सुरेला मौके पर पहुंचे और दूषित पानी का स्रोत तलाशने के लिए कुछ जल कनेक्शन काट दिए । वह यह कह कर लौट गए कि पहले गंदी गली को साफ कराओ उसके बाद ही काम शुरू होगा। अब लोग अपनी पेयजल जरूरतों को पूरा करने के लिए टैंकर का पानी या फिर बाजार से कैंपर खरीद रहे हैं।
टैंकर माफिया सक्रिय-मुहंगामी कीमत पर बेच रहा है टैंकर
उधर दस दिन से वार्ड-69 में घरों में सीवर का पानी आने पर क्षेत्र में टैंकर माफिया सक्रिय हो गया है। पानी के टैंकर को मुंहमांगे दामों पर बेचा जा रहा है। टैंकर चालकों से अगर ज्यादा मोलभाव करो तो टैंकर सप्लाई बंद करने की धमकी देते हैं। अब लोग मजबूरी में दोगुनी कीमत में टैंकर खरीद रहे हैं।
जिम्मेदार
आरसी मीणा-अतिरिक्त मुख्य अभियंता (कार्यवाहक), जयपुर
Published on:
16 Nov 2022 11:51 pm
