
पचपदरा रिफाइनरी समारोह में मौजूद प्रधानमंत्री और मुख्यमंत्री
राजस्थान के विकास इतिहास में 5 जुलाई 2026 का दिन एक ऐतिहासिक और गौरवशाली अध्याय के रूप में दर्ज हो गया है, जब देश के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने मरुधरा की प्रगति को एक नई रफ्तार देने के लिए 1 लाख 5 हजार करोड़ रुपये की विशाल विकास परियोजनाओं की अभूतपूर्व सौगात दी। अब ये पचपदरा में आयोजित 'राजस्थान रिफाइनरी उद्घाटन समारोह' केवल एक सरकारी कार्यक्रम न रहकर सही मायनों में पूरे प्रदेश के लिए जनसहभागिता का एक विशाल उत्सव बन गया। राजस्थान सरकार का दावा है कि इस ऐतिहासिक पल के मौके पर पूरे राजस्थान में प्रधानमंत्री के प्रति ऐसा जबरदस्त डिजिटल उत्साह देखा गया, जिसके कारण रिकॉर्ड 53 लाख से अधिक प्रदेशवासी अलग-अलग सुदूर गांवों और शहरों से वर्चुअल माध्यम से सीधे इस मुख्य समारोह के साक्षी बने और डिजिटल कनेक्टिविटी का एक नया कीर्तिमान स्थापित कर दिया।
इस आयोजन को जन-जन तक पहुंचाने के लिए मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने पहले ही कड़े और स्पष्ट निर्देश जारी किए थे। उनके आदेशों की पालना में बालोतरा के पचपदरा में आयोजित मुख्य समारोह का सीधा प्रसारण व्यापक स्तर पर सुनिश्चित किया गया था। राज्य सरकार की सूचना प्रौद्योगिकी और प्रशासनिक टीमों ने मुस्तैदी दिखाते हुए इस पूरे भव्य आयोजन को प्रदेशभर की 12 हजार से अधिक ग्राम पंचायतों, सभी पंचायत समितियों, जिला मुख्यालयों सहित समस्त नगर पालिकाओं, नगर परिषदों और नगर निगम मुख्यालयों से सीधे जोड़ दिया, जिससे यह प्रदेश का सबसे बड़ा डिजिटल समागम बन गया।
बूंदी जिले की एक ग्राम पंचायत में इस बड़े आयोजन के प्रति लापरवाही बरतने का एक गंभीर मामला सामने आया। जिले के नैनवा ब्लॉक के अंतर्गत आने वाली बाछोला ग्राम पंचायत के ग्रामीण पचपदरा से होने वाले प्रधानमंत्री के लाइव संबोधन और 1.06 लाख करोड़ रुपये की सौगातों के प्रसारण को देखने के लिए उत्सुक थे, पर पंचायत स्तर पर इसकी व्यवस्था न किए जाने के कारण लोगों को इस गौरवशाली पल से वंचित होना पड़ा, जिसके बाद स्थानीय प्रशासन ने त्वरित और कड़ा कदम उठाते हुए दो मुख्य जिम्मेदार सरकारी कार्मिकों को तत्काल प्रभाव से सस्पेंड कर दिया।
मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा इस बात को लेकर बेहद गंभीर थे कि राज्य का अंतिम छोर पर बैठा नागरिक भी इस औद्योगिक क्रांति की शुरुआत को अपनी आंखों से लाइव देख सके। इसी वजह से उन्होंने सचिवालय स्तर से लेकर ग्राम पंचायत के अटल सेवा केंद्रों तक बड़ी स्क्रीन और इंटरनेट की पुख्ता व्यवस्था करने के निर्देश दिए थे।
शनिवार को आयोजित इस मुख्य कार्यक्रम के दौरान डिजिटल और वर्चुअल माध्यम से जुड़ने वालों में केवल आम नागरिक ही शामिल नहीं थे, बल्कि बड़ी संख्या में स्थानीय जनप्रतिनिधि, नवनियुक्त राजकीय कार्मिक और विभिन्न क्षेत्रों के प्रबुद्ध जन भी अपनी स्क्रीन के सामने मुस्तैद रहे।
कुल मिलाकर 53 लाख से अधिक राजस्थानवासियों ने एक साथ स्क्रीन पर जुड़कर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का ओजस्वी और विकासोन्मुखी भाषण सुना तथा इस ऐतिहासिक पल में अपनी सक्रिय डिजिटल सहभागिता दर्ज करवाई।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा शनिवार को घोषित की गई 1 लाख 5 हजार करोड़ रुपये की भारी-भरकम विकास परियोजनाएं राजस्थान के बुनियादी ढांचे, औद्योगिक कॉरिडोर, रोजगार के अवसरों और ऊर्जा क्षेत्र को एक बिल्कुल नई और सकारात्मक दिशा प्रदान करने वाली हैं।
पचपदरा रिफाइनरी के इस पूर्ण और विधिवत संचालन से न केवल पश्चिमी राजस्थान बल्कि पूरे प्रदेश के राजस्व और औद्योगिक विकास को एक नई ऊंचाई मिलेगी। इस बड़े निवेश ने राजस्थान को आत्मनिर्भरता और तीव्र आर्थिक प्रगति की ओर अग्रसर करने के सरकार के संकल्प को और अधिक मजबूती दी है।
पचपदरा और बालोतरा के स्थानीय निवासियों के साथ-साथ बाड़मेर, जैसलमेर, जोधपुर और जालौर के ग्रामीण युवाओं में इस प्रोजेक्ट के शुरू होने से एक नई मानवीय उम्मीद जगी है। स्थानीय लोगों का मानना है कि इतनी बड़ी रिफाइनरी और पेट्रोकेमिकल कॉम्प्लेक्स के पूरी तरह चालू होने से क्षेत्र में प्रत्यक्ष और अप्रत्यक्ष रूप से हजारों नए बिजनेस और नौकरियों के अवसर पैदा होंगे, जिससे युवाओं को रोजगार के लिए गुजरात या अन्य राज्यों में पलायन नहीं करना पड़ेगा। सरकार का यह कदम राजस्थान के युवाओं के भविष्य को संवारने की दिशा में एक बड़ा मील का पत्थर साबित होने जा रहा है।
Updated on:
06 Jul 2026 02:21 pm
Published on:
06 Jul 2026 02:15 pm
