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जनवरी के अंतिम सप्ताह में झुन्झुनू आ सकते हैं पीएम मोदी, सरकार ने शुरू की तैयारी

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी जनवरी में प्रदेश के दौरे पर आ सकते हैं।

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जयपुर। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी जनवरी में प्रदेश के दौरे पर आ सकते हैं। इस दौरान 22 जनवरी से 1 फरवरी के बीच में झुन्झुनू में बेटी बचाओ-बेटी पढ़ाओ कार्यक्रम में उनके शामिल होने की संभावना जताई जा रही है। इसके लिए सरकार की ओर से तैयारी शुरू कर दी गई है।

प्रशासनिक सूत्रों ने बताया कि प्रधानमंत्री मोदी का अधिकृत कार्यक्रम अभी तय नहीं हुआ है। हालांकि 22 जनवरी से लेकर अगले दस दिनों में उनके झुन्झुनू आने की संभावना बताई गई है। इसमें 22 जनवरी का दिन अहम माना जा रहा है।

2015 में इसी दिन प्रधानमंत्री ने हरियाणा के पानीपत से बेटी बचाओ-बेटी पढ़ाओ कार्यक्रम की शुरुआत की थी। फिलहाल यह योजना 166 जिलों में संचालित हो रही है और इसे अब देश के हर जिले में लागू किया जाना है। लिंगानुपात बढ़ाने के मामले में झुन्झुनू को राष्ट्रीय स्तर का पुरस्कार मिल चुका है।

बेटी बचाओ-बेटी पढ़ाओ कार्यक्रम की शुरुआत करते हुए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने पानीपत से भारत के लोगों ने एक भावनात्मक अपील करते हुए कहा था कि वो बेटियों के जीवन की भीख मांगने के लिए एक भिक्षुक के रूप में यहां आए हैं। उन्होंने कहा कि जब तक हमारी मानसिकता 18वीं सदी की है, हमें खुद को 21वीं सदी का नागरिक कहने का कोई अधिकार नहीं। इसके साथ ही प्रधानमंत्री ने बेटे और बेटियों के बीच भेदभाव को खत्म करने का आह्वान किया। ऐसा करके ही कन्या भ्रूण हत्या को रोका जा सकता है।

प्रधानमंत्री ने कहा था कि इसे खत्म करने की हम सभी की सामूहिक जिम्मेदारी है, वर्ना हम न सिर्फ मौजूदा पीढ़ी को नुकसान पहुंचा रहे हैं, बल्कि आने वाली पीढ़ियों के लिए “भयानक संकट” को भी आमंत्रित कर रहे हैं। उन्होंने कहा था कि हालांकि इस कार्यक्रम का आयोजन हरियाणा के पानीपत में किया गया, लेकिन इसका संदेश पूरे देश में प्रासंगिक हैं। प्रधानमंत्री ने पूछा कि अगर बेटियां पैदा नहीं होंगी तो बहुएं कहां से लाएंगे? उन्होंने कहा कि ऐसे लोग हैं जो पढ़ी लिखी बहुएं चाहते हैं, लेकिन वो अपनी बेटियों को पढ़ाने के लिए तैयार नहीं हैं। उन्होंने कहा कि ये भेदभाव खत्म होना चाहिए।