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Radhashtami : राधाष्टमी कल, बरसाने में मच गई धूम, आएंगी राधा रानी

Radhashtami Tomorrow : राधाष्टमी कल शनिवार 23 सितम्बर को मनाई जाएगी। बरसाने में धूम मच गई है। गोविंददेव जी सहित कई मंदिर में पंचामृत अभिषेक के साथ ही विशेष पालना झांकियां सजाई जाएंगी।

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Radhashtami Tomorrow

जन्माष्टमी के बाद मंदिरों में शनिवार को विभिन्न योग-संयोगों में राधा रानी का प्राकट्योत्सव मनाया जाएगा। मंदिरों में पंचामृत अभिषेक के साथ ही विशेष पालना झांकियां सजाई जाएंगी। मुख्य कार्यक्रम गोविंददेवजी मंदिर में होगा। इससे पहले गुरुवार को गोविंद की गैया कीर्तन मंडल के सदस्यों ने भगवन नाम जप, भजन-कीर्तन किया। शुक्रवार को अष्टप्रहर हरिनाम कीर्तन होगा। पर्व पर शनिवार को राधा अष्टमी अभिषेक के बाद पंजीरी, लड्डू, मावे की बर्फी का भोग लगाया जाएगा। राधारानी को कपड़े, फल, टॉफी सहित अन्य सामान अर्पित किए जाएंगे। शाम को फूल बंगला झांकी सजाई जाएगी। शाम 7 से 8.30 बजे तक विशेष उत्सव दर्शन होंगे।



जन्माष्टमी से 15 दिन बाद आता है राधा रानी का जन्मदिवस

ज्योर्तिविद पं.पुरुषोत्तम गौड़ के अनुसार अभिजीत मुहूर्त के साथ शोभन योग सौभाग्य में वृद्धि के साथ सुख शांति और समृद्धि देने वाला भी होगा। पूजा का समय सुबह 11.01 बजे से दोपहर 1.26 बजे तक रहेगा। राधा रानी का जन्मदिवस जन्माष्टमी से 15 दिन बाद आता है। वह भगवान श्रीकृष्ण की प्रिया के रूप में जानी जाती हैं, हर जगह कृष्ण के साथ राधा का नाम भी जोड़ा जाता है।

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सुबह 5.30 बजे जन्माभिषेक

रामगंज बाजार स्थित मंदिर लाड़लीजी में महंत संजय गोस्वामी के सान्निध्य में शनिवार सुबह 5.30 बजे जन्माभिषेक, पालना दर्शन, नौ बजे से ग्वारिया समाज की ओर से बधाई-उछाल, अपराह्न तीन बजे से पालना दर्शन, शाम सात बजे से भजन संध्या होगी।

कांचीपुरम से मंगाई विशेष सिल्क की साड़ी

जगतपुरा स्थित कृष्ण-बलराम मंदिर में दक्षिण भारत के कांचीपुरम से मंगाई विशेष सिल्क और वृंदावन की रंग-बिरंगी पोशाकों से राधा रानी का नयनाभिराम शृंगार किया जाएगा। शाम को 108 कलशों से अभिषेक और महाआरती होगी। बेंगलूरु और दिल्ली से मंगाए गए विशेष फूलों से भी सजावट की जाएगी।

इन मंदिरों में भी होंगे आयोजन, सजेंगी झांकी

गोविंददेवजी के अधीन मंदिर राधामाधवजी, नटवरजी, कुंजबिहारीजी, गोपालजी नागा, मुरलीमनोहर जी, गोपालजी रोपाड़ा में भी कार्यक्रम होंगे। सुभाष चौक पानों का दरीबा स्थित सरस निकुंज, चौड़ा रास्ता स्थित राधा दामोदर, पुरानी बस्ती स्थित राधा गोपीनाथ एवं इस्कॉन मंदिर में भी कार्यक्रम होंगे। देवस्थान विभाग की ओर से राजधानी में विभाग के अधीन कृष्ण मंदिरों में राधाष्टमी मनाई जाएगी। विशेष झांकी भी सजाई जाएंगी।

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