15 जनवरी 2026,

गुरुवार

Patrika LogoSwitch to English
home_icon

होम

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

प्रवासी प्रकोष्ठ की कार्यशाला में पांच राज्यों से आए प्रवासी कार्यकर्ता

भाजपा प्रदेश कार्यालय में हुई प्रवासी प्रकोष्ठ की कार्यशाला में तमिलनाडू, गुजरात, महाराष्ट्र, तेलंगाना, कर्नाटक और असम से आए प्रवासी लोगों हिस्सा लिया।

less than 1 minute read
Google source verification

जयपुर

image

Umesh Sharma

Oct 19, 2023

प्रवासी प्रकोष्ठ की कार्यशाला में पांच राज्यों से आए प्रवासी कार्यकर्ता

प्रवासी प्रकोष्ठ की कार्यशाला में पांच राज्यों से आए प्रवासी कार्यकर्ता

जयपुर। भाजपा प्रदेश कार्यालय में हुई प्रवासी प्रकोष्ठ की कार्यशाला में तमिलनाडू, गुजरात, महाराष्ट्र, तेलंगाना, कर्नाटक और असम से आए प्रवासी लोगों हिस्सा लिया। कार्यक्रम में नेता प्रतिपक्ष राजेन्द्र राठौड़, चुनाव प्रबंधन समिति संयोजक नारायण पंचारिया, राज्यसभा सांसद घनश्याम तिवाड़ी और कोषाध्यक्ष पंकज गुप्ता ने संबोधित किया।

प्रवासी प्रकोष्ठ के संयोजक राजू अग्रवाल ने बताया कि बैठक के दौरान सभी वक्ताओं ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व में जनकल्याणकारी योजनाओं से आम जन का जीवन सरल हुआ है। आज देश में योजनाओं का धरातल पर क्रियान्वयन हुआ है और सभी योजनाओं का लाभ सीधा आमजन को मिला है। राजस्थान में होने वाले विधानसभा चुनावों में भाजपा प्रचंड बहुमत से सत्ता में आएगी। कार्यशाला के दौरान प्रवासी लोगों को मतदान के लिए अधिक से अधिक संख्या में लाने का जिम्मा प्रवासी प्रकोष्ठ के पदाधिकारियों और कार्यकर्ताओं को दिया गया है।

यह भी पढ़ें:-Rajasthan assembly election 2023: राजस्थान में भाजपा 50 से ज्यादा विधायकों को फिर से उतारेगी चुनाव मैदान में!

प्रवासियों का आज भी अपनी माटी से जुड़ाव

नेता प्रतिपक्ष राजेन्द्र राठौड़ ने कहा कि राजस्थान से बाहर रहने वाले प्रवासी लोगों के भीतर आज भी अपनी संस्कृति और माटी से जुड़ाव देखने को मिलता है। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी की योजनाओं से आज भारत का विदेशों में जो मान बढ़ा है उसको देखते हुए प्रवासी लोगों में भाजपा के पक्ष में मतदान करने की उत्सुकता बढी है। राज्यसभा सासंद घनश्याम तिवाड़ी ने कहा कि प्रवासी लोग व्यापार और व्यवसाय के लिए बाहर जरूर रहते हैं, लेकिन अपनी जन्मभूमि और मिट्टी से उनका जुड़ाव हमेशा बना ही रहता है। कार्यशाला के दौरान प्रवासी प्रकोष्ठ के सह-संयोजक तेजराज सोलंकी भी मौजूद रहे।