28 अप्रैल 2026,

मंगलवार

Patrika Logo
Switch to English
home_icon

मेरी खबर

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

राजस्थान उपचुनाव: तीनों सीटों के लिए अंतिम मतदाता सूची कल, कांग्रेस 3 को दिल्ली में बनाएगी रणनीति

दो लोकसभा और एक विधानसभा सीट पर उपचुनाव 29 को...

2 min read
Google source verification

जयपुर

image

Dinesh Saini

Jan 01, 2018

Election

जयपुर। भाजपा और कांग्रेस में दो लोकसभा सीट और एक विधानसभा सीट पर होने वाले उपचुनाव के लिए सक्रियता बढ़ गई है। चुनाव आयोग की ओर से तीन सीटों पर उपचुनाव का चुनाव कार्यक्रम घोषित होते ही प्रदेश का निर्वाचन विभाग भी सक्रिय हो गया है। जहां पहले तीनों सीटों के तहत 17 विधानसभा क्षेत्रों के लिए मतदाता सूचियों का अंतिम प्रकाशन 5 जनवरी को होना था, वहीं अब इनका प्रकाशन कल किया जाएगा। निर्वाचन विभाग के अधिकारियों का कहना है कि चुनाव कार्यक्रम तय हो जाने के कारण प्रकाशन भी नामांकन प्रक्रिया पूर्ण होने से पहले होना जरूरी है।

अब तक भाजपा नहीं ढूंढ सकी उम्मीदवार
कांग्रेस की ओर से अलवर लोकसभा सीट पर डॉ. कर्णसिंह यादव को उम्मीदवार भी घोषित कर दिया गया है, लेकिन भाजपा अलवर और अजमेर लोकसभा सीट और मांडलगढ़ विधानसभा सीट पर अपने उम्मीदवार घोषित नहीं कर सकी है। माना जा रहा है कि इस सप्ताह पार्टी तीनों ही सीटों पर उम्मीदवारों के नाम का एलान कर देगी।

जमीनी स्तर पर बीते तीन महीने से होमवर्क जारी
अलवर-अजमेर लोकसभा सीट और मांडलगढ विधान सभा सीट को जीतने के लिए भाजपा और कांग्रेस ने जमीनी स्तर बीते तीन महीने से होमवर्क किया है। अजमेर-अलवर लोकसभा सीट और मांडलगढ़ विधानसभा सीट के तहत 17 विधानसभा क्षेत्र आते हैं। जहां सरकार के मंत्रियों ने तीनों सीटों पर उपचुनाव की तैयारी के लिए तूफानी दौरे किए, वहीं प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष सचिन पायलट अजमेर में लगातार दौरे कर रहे हैं।

कांग्रेस की 3 को दिल्ली में बैठक
प्रदेश के उपचुनावों को लेकर कांग्रेस की बैठक 3 जनवरी को दिल्ली में होगी। इसके लिए प्रदेश के कई नेताओं को दिल्ली बुलाया गया है। इसके बाद ही कांग्रेस अजमेर और मांडलगढ़ के लिए पत्ते खोल सकती है। पार्टी सूत्रों ने बताया कि अलवर में प्रत्याशी तय हो चुका है, लेकिन अजमेर लोकसभा और मांडलगढ़ विधानसभा को लेकर अभी तय नहीं हुआ है। इसके चलते पार्टी के प्रदेश प्रभारी अविनाश पांडे ने संबंधित क्षेत्रों के विधायक, विधानसभा चुनाव में कांग्रेस के प्रत्याशी, जिलाध्यक्ष, पूर्व विधायक समेत कई अन्य प्रमुख लोगों को बुलाया है। इसकी जिम्मेदारी उपचुनाव क्षेत्रों के प्रभारियों को दी गई है। सूत्रों का कहना है कि कांग्रेस अभी भाजपा के प्रत्याशियों की घोषणा के इंतजार में हंै। इसके बाद ही वे आगे की रणनीति तय करेगी।