4 सितंबर 2026,

शुक्रवार

Patrika Logo
home_icon

होम

इनस्टॉल ऐप

ई-पेपर

video_icon

शॉर्ट्स

profile_icon

प्रोफाइल

राजस्थान में पैर जमाने लगा स्टार्टअप, सरकार देगी नई दिशा

अब न डॉक्टर की पर्ची संभालनी पड़ेगी और न मेडिकल जांच रिपोर्ट। डिजिटल हेल्थ कार्ड इसमें मदद करेगा। इसी तरह गांव में रात को अंधेरी राहों में रोशनी देने वाली बेल्ट साथ देगी।
2 min read
Google source verification
startup in rajasthan

शैलेन्द्र अग्रवाल/जयपुर। अब न डॉक्टर की पर्ची संभालनी पड़ेगी और न मेडिकल जांच रिपोर्ट। डिजिटल हेल्थ कार्ड इसमें मदद करेगा। इसी तरह गांव में रात को अंधेरी राहों में रोशनी देने वाली बेल्ट साथ देगी। स्टार्टअप कार्यक्रम के तहत युवाओं की नई सोच ऐसी ही कई चीजें लेकर आ रही है, जिससे लोगों का जीवन आसान होने की उम्मीद है।

प्रदेश में 1394 स्टार्टअप पंजीकृत हो चुके हैं, जिनमें 723 को रेटिंग भी मिल चुकी है। इनमें से 10-15 स्टार्टअप प्रोजेक्ट ने तो खुद के दम पर नई राह भी पकड़ ली है। राज्य सरकार भी अपने आइस्टार्ट फ्लेगशिप कार्यक्रम को नई उड़ान देने के लिए के नीति बना रही है। चुनाव आचार संहिता समाप्त होते ही यह नीति जारी होने की उम्मीद है।

फिलहाल जिनकी ऑफिस का बंदोबस्त करने की हैसियत नहीं है, ऐसे 200-250 युवाओं को सरकार इन्क्युबेटर भी मुहैया करा रही है। जयपुर सहित 3 शहरों में 4 सरकारी टेक्नो हब तैयार हो चुके हैं, जिनमें से 2 जयपुर में हैं। इनमें 250 से 350 स्टार्टअप प्रोजेक्ट के लिए ऑफिस शुरू किए जा सकते हैं और यहां 700 से अधिक लोग बैठकर काम कर सकते हैं। कोटा, जोधपुर व बीकानेर में हब विकसित करने की प्रक्रिया शुरू हो चुकी है, जिसके बाद इसमें बढ़ोत्तरी होगी।


स्टार्टअप को सरकार से सहायता
- इंक्युबेटर में इंटरनेट सहित सुविधा सम्पन्न ऑफिस, विपणन सुविधा, मैनपॉवर के लिए सहयोग।

- प्रस्ताव तैयार करने में मदद और स्टार्टअप को आगे बढ़ाने के लिए वर्कशॉप का आयोजन। अनुभवी लोगों से सम्पर्क भी।

- अच्छे स्टार्टअप को दिल्ली, मुम्बई व बेंगलूरू भेजा जाता है, जहां नवाचार की इच्छा रखने वाले युवाओं को संभावित निवेशक व उपभोक्ताओं के बारे में बताया जाता है।
- स्टार्टअप वाले नवोदित उद्यमियों को ऋण मुहैया कराने के लिए बैंकों से एमओयू।

- रेटिंग और उसके लाभ स्टार्टअप के लिए सरकार की ओर से 10 हजार से 25 लाख रुपए तक आर्थिक सहायता का प्रावधान। इसमें कांस्य व रजत रेटिंग वाले स्टार्टअप के लिए 15 लाख रुपए तक, स्वर्ण व प्लेटिनम रेटिंग वाले स्टार्टअप के लिए 20 लाख रुपए तक, सिग्नेचर रेटिंग वाले स्टार्टअप के लिए 25 लाख रुपए तक मिल सकते हैं। रेंटिंग के लिए प्रस्ताव व आंकलन रिपोर्ट व भावी रणनीति आदि को देखा जाता है।

राजस्थान टॉप-5 में
स्टार्टअप में राजस्थान देश में टॉप पांच राज्यों में है। सूत्रों की मानें तो गुजरात इन राज्यों में अव्वल है।

प्रदेश में स्टार्टअप की स्थिति

पंजीकृत स्टार्टअप —- 1394
स्वीकृत स्टार्टअप —- 891

रेटिंग वाले स्टार्टअप —- 723


सरकार ने ये किए प्रयास
पांच सौ करोड़ का भामाशाह स्टार्टअप प्रोत्साहन फंड बनाया जा चुका है। इसमें से 100 करोड़ रुपए महिलाओं और 50 करोड़ रुपए ग्रीन स्टार्टअप के लिए रखे गए हैं। ग्रीन स्टार्टअप के लिए फंड राज्य प्रदूषण नियंत्रण मंडल उपलब्ध कराएगा।

लोकसभा चुनाव में कांग्रेस का वादा
स्टार्टअप सहित अन्य उद्यमियों के सहयोग के लिए इंटरप्राइज सपोर्ट एजेंसी बनाई जाएगी। यह इन उद्यमियों को सलाह, इंक्युबेशन, प्रौद्योगिकी तक पहुंच, आर्थिक संसाधन, निर्यात बाजार तथा नए उत्पाद, सेवा व बौद्धिक सम्पदा के लिए सहयोग का काम करेगी।