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1.44 लाख लोगों का बिजली बिल शून्य, PM Surya Ghar Yojana में क्रांति, राजस्थान में हर दिन 700 नए उपभोक्ता

PM Suryaghar Yojana: रूफटॉप सोलर में राजस्थान तीसरे स्थान पर, पीएम सूर्यघर योजना से तेज़ी। बिजली खर्च से आज़ादी: राजस्थान में सोलर अपनाने वालों की संख्या रिकॉर्ड स्तर पर।
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जयपुर

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Rajesh Dixit

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Updated: 22 Apr 2026, 4:56 PM IST

Solar Panel

Solar Panel

Rajasthan solar energy: जयपुर. राजस्थान में सौर ऊर्जा को लेकर एक बड़ी सकारात्मक तस्वीर सामने आई है। राज्य में रूफटॉप सोलर सिस्टम को लेकर लोगों का रुझान तेजी से बढ़ रहा है, जिसका असर अब आंकड़ों में भी साफ दिखाई दे रहा है। मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा के नेतृत्व और ऊर्जा मंत्री हीरालाल नागर के मार्गदर्शन में राज्य सरकार सौर ऊर्जा को बढ़ावा देने के लिए लगातार प्रयास कर रही है।

प्रदेश में अब तक घरेलू, व्यावसायिक और औद्योगिक श्रेणियों में कुल 2.45 लाख से अधिक रूफटॉप सोलर संयंत्र स्थापित किए जा चुके हैं। इन संयंत्रों की बदौलत करीब 1.44 लाख उपभोक्ताओं का बिजली बिल शून्य हो चुका है। यह न केवल उपभोक्ताओं के लिए आर्थिक राहत है, बल्कि ऊर्जा आत्मनिर्भरता की दिशा में भी एक बड़ा कदम है।

रूफटॉप सोलर इंस्टॉलेशन के मामले में राजस्थान देश में तीसरे स्थान पर

रूफटॉप सोलर इंस्टॉलेशन के मामले में राजस्थान देश में तीसरे स्थान पर पहुंच चुका है, जहां कुल स्थापित क्षमता 2090 मेगावाट है। वहीं गुजरात और महाराष्ट्र क्रमशः पहले और दूसरे स्थान पर हैं। खास बात यह है कि प्रदेश में करीब 32 हजार उपभोक्ताओं ने 10 किलोवाट या उससे अधिक क्षमता के सोलर सिस्टम लगाए हैं।

पीएम सूर्यघर योजना इस बदलाव की सबसे बड़ी वजह बनकर उभरी है। इस योजना के तहत अब तक 1.77 लाख से अधिक संयंत्र लगाए जा चुके हैं, जिनकी कुल क्षमता 686 मेगावाट है। हर दिन औसतन 675 से 700 नए उपभोक्ता सौर ऊर्जा से जुड़ रहे हैं। मार्च 2026 में 20 हजार से अधिक इंस्टॉलेशन दर्ज किए गए, जो एक महीने में दूसरी सबसे बड़ी उपलब्धि है।

सरकार की ओर से दी जा रही 78 हजार रुपए तक की सब्सिडी और 150 यूनिट योजना के तहत अतिरिक्त 17 हजार रुपए की सहायता भी लोगों को सोलर अपनाने के लिए प्रेरित कर रही है। अब तक 1185 करोड़ रुपए की सब्सिडी सीधे उपभोक्ताओं के खातों में ट्रांसफर की जा चुकी है।

बैंकों द्वारा 5.75 प्रतिशत ब्याज दर पर आसान ऋण सुविधा

इसके साथ ही बैंकों द्वारा 5.75 प्रतिशत ब्याज दर पर आसान ऋण सुविधा और 1900 से अधिक रजिस्टर्ड वेंडर्स की उपलब्धता ने प्रक्रिया को और सरल बना दिया है। डिस्कॉम्स द्वारा प्रक्रियाओं को आसान करने और जागरूकता अभियान चलाने से सोलर इंस्टॉलेशन की रफ्तार लगातार बढ़ रही है।

राजस्थान में सौर ऊर्जा का यह बढ़ता कदम न सिर्फ बिजली बिल कम कर रहा है, बल्कि राज्य को स्वच्छ और टिकाऊ ऊर्जा की दिशा में भी आगे बढ़ा रहा है।