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Hanuman Beniwal : ‘क्या बालोतरा कलक्टर, राजस्थान सरकार से बड़े हो गए हैं?’, RLP सांसद ने PMO तक पहुंचाई ‘शिकायत’

RLP MP Hanuman Beniwal ने मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा पर निशाना साधा है। उन्होंने पचपदरा रिफाइनरी में आगजनी के बावजूद बालोतरा कलेक्टर पर कार्रवाई न होने को लेकर गंभीर सवाल उठाए हैं।
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RLP MP Hanuman Beniwal Questions CM Bhajanlal Sharma Over Balotra Collector Action

RLP MP Hanuman - File PIC

राजस्थान की सियासत में प्रशासनिक जवाबदेही और भेदभाव के आरोपों को लेकर एक नया राजनीतिक विवाद खड़ा हो गया है। राष्ट्रीय लोकतांत्रिक पार्टी (RLP) के संयोजक और नागौर सांसद हनुमान बेनीवाल ने सोमवार को अपने आधिकारिक सोशल मीडिया हैंडल पर एक बेहद तीखा और विस्तृत पोस्ट साझा किया और इसके ज़रिए मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा के नेतृत्व वाली राज्य सरकार को कटघरे में खड़ा किया। सांसद हनुमान बेनीवाल ने हाल ही में बालोतरा के पचपदरा में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा किए गए रिफाइनरी उद्घाटन के घटनाक्रम का हवाला देते हुए राज्य की ब्यूरोक्रेसी में दोहरे मापदंड अपनाने का गंभीर आरोप लगाया है।

'माइक बंद पर IAS अधिकारी APO, तो आगजनी पर कलेक्टर सुरक्षित क्यों?'

सांसद हनुमान बेनीवाल ने अपने सोशल मीडिया पोस्ट की शुरुआत सीधे मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा को संबोधित करते हुए की है। उन्होंने लिखा, "राजस्थान की जनता मुख्यमंत्री से यह पूछना चाहती है कि पूर्व में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की एक जनसभा के दौरान तकनीकी खराबी के कारण माइक बंद होने जैसी छोटी घटना पर सरकार ने तुरंत एक्शन लेते हुए एक महिला आईएएस (IAS) अधिकारी को एपीओ कर दिया था। लेकिन इसके विपरीत, पचपदरा स्थित राजस्थान रिफाइनरी में प्रधानमंत्री द्वारा उद्घाटन किए जाने से ठीक 1 दिन पहले इतनी भीषण आग लग गई, तब जिले के प्रशासनिक मुखिया होने के नाते बालोतरा के जिला कलक्टर की न तो कोई जवाबदेही तय की गई और न ही उन्हें पद से हटाया गया। आखिर सरकार का ऐसा दोहरा रवैया क्यों है?"

'वीआईपी टाउनशिप' में रहने पर उठाए सवाल

हनुमान बेनीवाल ने जिला कलेक्टर के सरकारी आवास और उनकी प्रशासनिक निष्पक्षता को लेकर भी एक बड़ा खुलासा करते हुए सवाल उठाया है। बेनीवाल ने आरोप लगाया, "यदि बालोतरा जिले में जिला कलक्टर के लिए कोई सरकारी आवास उपलब्ध नहीं था, तो उन्हें नियमों का पालन करते हुए किसी किराए के निजी आवास में निवास करना चाहिए था। इसके बजाय बालोतरा के जिला कलक्टर रिफाइनरी की वीआईपी टाउनशिप के अंदर बने मकान में रह रहे हैं।"

आरएलपी सांसद ने पूछा कि क्या किसी बड़ी औद्योगिक परियोजना की टाउनशिप में जिला कलेक्टर का इस तरह रहना प्रशासनिक निष्पक्षता और ट्रांसपेरेंसी की दृष्टि से सही ठहराया जा सकता है?

सीईटीपी प्लांट और भूमि आवंटन में भ्रष्टाचार के आरोप

प्रशासनिक लापरवाही के साथ-साथ सांसद ने बालोतरा जिला प्रशासन पर वित्तीय अनियमितताओं के भी बड़े आरोप मढ़े हैं। उन्होंने अपने पोस्ट में स्पष्ट लिखा कि सीईटीपी (CETP) प्लांट के सेस कर (Cess Tax) के मामलों, रिफाइनरी क्षेत्र तथा बालोतरा के आस-पास की कीमती सरकारी भूमि से नए रास्तों के आवंटन करने और बड़े पैमाने पर हुए भू-उपयोग परिवर्तन में लगातार अनियमितताओं और भ्रष्टाचार के आरोप बालोतरा कलक्टर पर लग रहे हैं। इन तमाम गंभीर शिकायतों और सार्वजनिक चर्चाओं के बावजूद राज्य सरकार आखिर क्यों खामोश बैठी है और कार्रवाई से बच रही है?

पीएमओ और मंत्रालय से हस्तक्षेप की मांग

सांसद बेनीवाल ने देश के प्रधानमंत्री कार्यालय (PMO India) को भी इस पोस्ट में टैग किया है। उन्होंने मांग की है कि पीएमओ को इस पूरे मामले में राजस्थान सरकार से एक विस्तृत रिपोर्ट तलब करनी चाहिए। उन्होंने सवाल दागा कि अप्रैल महीने में प्रधानमंत्री के रिफाइनरी उद्घाटन कार्यक्रम से ठीक 1 दिन पहले हुई इतनी बड़ी और गंभीर आगजनी की घटना के बावजूद मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा द्वारा बालोतरा जिला कलेक्टर पर कोई कार्रवाई क्यों नहीं की गई?

बेनीवाल ने पूछा, "क्या बालोतरा कलक्टर, राजस्थान की चुनी हुई सरकार से भी बड़े हो गए हैं जो उन पर कोई नियम लागू नहीं होता?"

कौन हैं बालोतरा जिला कलक्टर?

वर्तमान में बालोतरा जिला कलेक्टर IAS सुशील कुमार यादव हैं। वे 2017 बैच के आईएएस अधिकारी हैं और जनवरी 2024 से इस नवगठित जिले के जिला कलेक्टर एवं जिला मजिस्ट्रेट के रूप में अपनी सेवाएं दे रहे हैं। हाल ही में हुए पचपदरा रिफाइनरी उद्घाटन कार्यक्रम के जिला स्तरीय क्रियान्वयन और प्रशासनिक प्रबंधन की देखरेख भी उन्हीं के निर्देशन में हुई है।

व्यक्तिगत और पारिवारिक पृष्ठभूमि

जन्म तिथि: उनका जन्म 22 सितंबर 1989 को हुआ था.

गृह राज्य (Home State): वे मूल रूप से हरियाणा के रहने वाले हैं

शैक्षणिक योग्यता

प्रशासन में आने से पहले उनकी पृष्ठभूमि तकनीकी रही है। उनके पास उच्च तकनीकी डिग्रियां हैं:

बी.टेक (B.Tech): उन्होंने मैकेनिकल इंजीनियरिंग में स्नातक किया है.

एम.टेक (M.Tech): उन्होंने प्रोडक्शन इंजीनियरिंग (Production Engineering) में पोस्ट-ग्रेजुएशन किया है.

एम.ए. (M.A.): उन्होंने पब्लिक मैनेजमेंट (Public Management) (लोक प्रबंधन) की भी पढ़ाई की है.

प्रशासनिक करियर और उपलब्धियां

बैच और कैडर: वे 2017 बैच के राजस्थान कैडर के भारतीय प्रशासनिक सेवा अधिकारी हैं.

बालोतरा में कार्यकाल: नवगठित बालोतरा जिले में उन्होंने 8 जनवरी 2024 को जिला कलेक्टर एवं जिला मजिस्ट्रेट के रूप में पदभार संभाला था.

राज्य स्तरीय सम्मान: फरवरी 2026 में, विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) कार्यक्रम के प्रभावी क्रियान्वयन और सशक्त प्रशासन के लिए उन्हें राज्यपाल द्वारा राज्य स्तरीय सम्मान से अलंकृत किया गया. उनके कुशल नेतृत्व में बालोतरा जिले ने पूरे राजस्थान में द्वितीय स्थान प्राप्त किया था.