
Sub Inspector Recruitment Exam Paper Leak Case : उप निरीक्षक (एसआई) पेपर लीक मामले में 33 थानेदारों सहित 45 के खिलाफ चालान पेश करने के बाद एसओजी अब सरगना सहित अन्य फरार आरोपियों की तलाश में जुट गई है। एसओजी ने वांटेड 12 आरोपियों पर इनाम घोषित किया है। इसमें सबसे अधिक पेपर लीक के सरगना यूनिक भाम्भू पर 1 लाख रुपए तथा ओमप्रकाश ढाका पर 75 हजार रुपए का इनमा रखा है। इनके अलावा छह आरोपियों पर 50-50 हजार रुपए तथा चार पर 25-25 हजार रुपए का इनाम रखा है। यह इनाम आरोपियों की सूचना देने वालों को दिया जाएगा।
यह आदेश एसओजी डीआईजी परिस देशमुख ने जारी किए। एसओजी ने इस मामले में 33 थानेदारों को गिरफ्तार किया है, जिनमें से 3 ने चयन होने के बाद भी जॉइन नहीं किया था। गिरफ्तार अन्य 12 आरोपी गैंग के सक्रिय सदस्य हैं। अब फरार आरोपियों की गिरफ्तारी के बाद मामले में और नाम सामने आ सकते हैं।
यूनिक उर्फ पंकज भांभू पुत्र जगदीश जाट (36) निवासी पूनिया कॉलोनी चूरूदस लाख रुपए देकर पेपर चुराया : हसनपुरा की रवीन्द्र बाल भारती स्कूल से एसआई भर्ती का पेपर चुराया। इसके लिए स्कूल के कर्मचारी राजेश को दस लाख रुपए दिए। पेपर चुराने के बाद गिरोह के साथी जगदीश विश्नोई को वाट्सऐप के माध्यम से पेपर भेजा। वहां से पेपर सॉल्व करने वाले हैंडर्स के पास पेपर पहुंचा।
ओमप्रकाश ढाका पुत्र किशनाराम विश्नोई (37) करड़ा सांचोर
मोटी रकम बटोर कर अभ्यर्थी लाया : ढाका चोरी किया पेपर लेने के इच्छुक अभ्यर्थी लेकर आया था। इसके बदले उसने अभ्यर्थियों से मोटी रकम ली थी। यह युनिक और जगदीश का नजदीकी रहा है।
पोरव कालेर पुत्र ओमप्रकाश जाट छापर चूरू
कालेर गैंग का अहम गुर्गा: पेपर लीक के लिए कुख्यात कालेर गैंग का अहम गुर्गा। पेपर हथियाने के बाद उसने ब्ल्यूटूथ से नकल कराने का जिम्मा लिया। गिरफ्तार थानेदार मनीष व जयराज को पोरव ने ही नकल कराई थी।
हनुमान मीना पुत्र ग्यारसी लाल अलीगढ़ टोंक
मेधावी डमी अरेंज कराने वाला:- हनुमान के सम्पर्क में कई ऐसे युवा हैं जो रुपयों के लिए परीक्षा में डमी कंडीडेट बनने के तैयार रहते हैं। गिरफ्तार थानेदार चेतन मीना के स्थान पर उसी ने परीक्षा देने के लिए डमी कंडीडेट उपलब्ध कराया था।
कांस्टेबल शैतानराम विश्नोई पुत्र मोहन लाल सांचोर
खुद कांस्टेबल, जिम्मा थानेदारी का: जयपुर कमिश्नरेट का कांस्टेबल शैतान राम पेपर लीक गिरह के सम्पर्क में था। गिरफ्तार थानेदार अजय विश्नोई को उसी ने पेपर उपलब्ध कराया था।
सम्मी उर्फ छम्मी पत्नी गणपत राम विश्नोई चितलवाना सांचोर
सरकारी शिक्षिका पढ़ा रही थी लीक पेपर:- छम्मी नकल कराने के लिए कुख्यात है। गिरफ्तार थानेदार मंजूर को उसी ने लीक पेपर पढ़ाया था।
रिंकु शर्मा पुत्र नवल किशोर सिकंदरा दौसा
कई पेपर लीक करने वाले पटवारी का नजदीकी:- पेपर लीक में गिरफ्तार हो चुके हर्षवर्धन पटवारी का खास गुर्गा है रिंकु। उसने कई अभ्यर्थियों को पेपर उपलब्ध करवाया।
विनोद कुमार रेवाड़ पुत्र जगदीश डूंगरीकला रेनवाल
20 रुपए देकर लिया पेपर:- विनोद ने बीस लाख रुपए देकर शेर सिंह उर्फ अनिल से पेपर लिया। अनिल वरिष्ठ अध्यापक भर्ती मामले का मुख्य आरोपी है, जिसने आरपीएससी सदस्य बाबूलाल कटारा से पेपर खरीदा था।
भंवर लाल पुत्र बालूराम सहनाली छोटी चूरू
मुख्य सरगना का हैंडलर:- भांभू का हैंडलर भंवर लाल ही उसके भाई विवेक भांभू को परीक्षा दिलाने के लिए चूरू से लाया था। उसी ने उसे पेपर पढ़ाया था। पूर्व में विवेक गिरफ्तार किया जा चुका है।
दीपक राहड़ पुत्र बनवारी लाल पूनिया कॉलोनी चूरू
भाभी को पढ़ाया पेपर:- दीपक की भाभी उपनिरीक्षक एकता गिरफ्तार हो चुकी है। दीपक ने ही उसे लीक पेपर पढ़ाया था।
अध्यापिका वर्षा पुत्री तेजाराम विश्नोई सूरसागर जोधपुर
चचेरी बहनों की डमी कंडीडेट: गिरफ्तार उप निरीक्षक भगवती व इंदू के जगह परीक्षा दी थी। बदले में 15-15 लाख रुपए लिए थे। खुद ने भी दी थी परीक्षा।
सुनील बेनीवाल पुत्र भीमाराम चितलवाना सांचोर
यूनिक का हैंडलर: गिरफ्तार उपनिरीक्षक राजेश्वरी को पेपर उपलब्ध कराया। भांभू का नजदीकी।
Published on:
05 May 2024 04:48 am
