9 फ़रवरी 2026,

सोमवार

Patrika Logo
Switch to English
home_icon

मेरी खबर

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

चांदी की चमक ने निवेशकों को किया आकर्षित, इस साल 90 हजार तक जा सकती है दाम

घरेलू सर्राफा बाजार में एक ओर जहां सोने की कीमतें अपने उच्चतम स्तर पर है, वहीं चांदी भी अपने रिकॉर्ड ऊंचाई से ज्यादा पीछे नहीं है।

less than 1 minute read
Google source verification
चांदी की चमक ने निवेशकों को किया आकर्षित, इस साल 90 हजार तक जा सकती है दाम

चांदी की चमक ने निवेशकों को किया आकर्षित, इस साल 90 हजार तक जा सकती है दाम

घरेलू सर्राफा बाजार में एक ओर जहां सोने की कीमतें अपने उच्चतम स्तर पर है, वहीं चांदी भी अपने रिकॉर्ड ऊंचाई से ज्यादा पीछे नहीं है। चांदी की बढ़ती चमक ने निवेशकों को अपनी ओर आकर्षित किया है। जयपुर सर्राफा ट्रेडर्स कमेटी के अध्यक्ष कैलाश मित्तल के मुताबिक डॉलर इंडेक्स में कमजोरी, अमरीका में ब्याज दर और बढ़ोतरी की क्षीण होती संभावना, इंडस्ट्रियल डिमांड में आ रही तेजी जैसी दोहरी चुनौतियों के कारण चांदी के दामों में तेजी बनी हुई है।

यह भी पढ़ें : जयपुर एयरपोर्ट पर पकड़ा 47 लाख का सोना, कार्टन बॉक्स में छुपाकर लाया था

इसलिए बढ़ रही है मांग

इलेक्ट्रिक वाहन, सोलर और 5जी जैसे नए दौर के उद्योगों में चांदी की इस समय भारी मांग निकल रही है। साथ ही ज्वैलरी और इन्वेस्टमेंट डिमांड के कारण चांदी की मांग बढ़कर 1.24 बिलियन औंस के रिकॉर्ड हाई पर पहुंच गई। जो पिछले साल की तुलना में 18 फीसदी ज्यादा है। वहीं, उत्पादन में महज 2 फीसदी की बढ़ोतरी हुई है। अंतरराष्ट्रीय बाजार में कीमतों के ऑल टाइम हाई से काफी नीचे रहने के बावजूद घरेलू बाजार में इसके रिकॉर्ड हाई के करीब रहने की वजह डॉलर के मुकाबले रुपए में आई गिरावट और आयात शुल्क हैं।

यह भी पढ़ें : जीरे की महंगाई पर धनिये का मरहम, राजस्थान में एक लाख बोरी की आवक

कीमतों में बढ़ोतरी की काफी गुंजाइश

मित्तल का कहना है कि राष्ट्रीय बाजार में कीमतों में बढ़ोतरी की अभी काफी गुंजाइश है और अगर ऐसा होता है तो घरेलू बाजार में कीमतें और आगे जाएंगी। रुपए के कमजोर होने की स्थिति में घरेलू कीमतें ज्यादा तेजी से बढ़ेंगी। इस साल चांदी की कीमत 90 हजार रुपए प्रति किलोग्राम और मार्च 2024 तक एक लाख रुपए प्रति किलोग्राम तक पहुंच सकती है।