
Akshaya Tritiya 2024: अक्षय तृतीया (10 मई) के अबूझ सावे पर राजधानी में शादी-विवाह सहित विभिन्न समाजों की ओर से सामूहिक विवाह सम्मेलन होंगे। वहीं, एक अनूठा विवाह भी होगा, जिसमें 11 जगहों से बारात आएगी। इनमें भगवान शालिग्राम, भगवान जगदीश, गोपीनाथजी, नृसिंह जी और भगवान गिरधारी दूल्हे के वेश में बारातियों के साथ आएंगे। उनका विधि-विधान से माता तुलसा से विवाह होगा। आमेर क्षेत्र में होने वाले इस विवाह से पूर्व हल्दी-मेहंदी की रस्म के साथ ही मंगलवार को महिला संगीत का कार्यक्रम हुआ। उधर, बुधवार को लग्न-सगाई तथा गुरुवार को चाक-भात का कार्यक्रम होगा। आयोजन की तैयारियां पूरे क्षेत्रवासी जोर-शोर में जुटे हैं। साथ ही भगवान गिरधारी को दूल्हा स्वरूप में देखने को भी आतुर हैं। साथ ही समूचा आयोजन क्षेत्र में चर्चा और कौतुहल का केंद्र बना हुआ है।
आमेर, मेहंदी का बास स्थित ठाकुर सीताराम मंदिर में होने वाले विवाह उत्सव की शुरुआत सुबह भगवान सत्यनारायण की कथा के साथ हुई। शाम को सुंदरकांड के पाठ के बाद हल्दी-मेहंदी का कार्यक्रम हुआ। पुजारी ओम प्रकाश शर्मा ने बताया कि विवाह के गीतों के बीच श्रद्धालुओं ने माता तुलसी को हल्दी और मेहंदी लगाई। साथ ही महिलाओं ने भजनों पर नृत्य किया। इस दौरान सांस्कृतिक कार्यक्रम भी हुए। मंदिर परिसर में मंगलवार को आयोजित महिला संगीत कार्यक्रम में महिलाओं और युवतियों ने फिल्मी गीतों और भजनों पर डांस किया। उन्होंने बताया कि बुधवार को सराय बावड़ी स्थित गोपीनाथ मंदिर में माता तुलसा का कन्यादान करने वाले परिवार के लोग और श्रद्धालु लग्न-टीका लेकर जाएंगे। आयोजन से जुड़े युगल किशोर मीणा ने बताया कि हाथी स्टैंड के पास से बारात तैयार होगी और ठाकुर सीतारामजी के मंदिर आएगी। बड़ी तादाद मेें क्षेत्र के लोग इस आयोजन के साक्षी बनेंगे।
खेडी गेट, गांधी चौक, सराय बावड़ी, कुंडा मोड, मीणों का मोहल्ला, पीली की तलाई, भटफोड़ा, बड़ा देवरा, नई माता, शिव कुंडा, केशवराय सागर रोड।
Updated on:
08 May 2024 09:21 am
Published on:
08 May 2024 09:08 am
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