
जो खुद तानाशाह, वो इंदिरा पर लगा रहे तानाशाही का आरोप
गहलोत का भाजपा पर पलटवार
कहा इंदिरा गांधी को महान नेता के रूप में जाना जाएगा
एआईसीसी के संगठन महासचिव और राजस्थान के पूर्व मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने इंदिरा गांधी को तानाशाह बताने पर पलटवार किया है। उन्होंने आश्चर्य और अफसोस व्यक्त करते हुए कहा है कि जो लोग खुद तानाशाही भरे तरीके से देश, सरकार और अपनी पार्टी को चला रहे हैं वे भारत ही नहीं दुनिया भर में महिला शक्ति की प्रतीक इंदिरा गांधी पर तानाशाही का आरोप लगा रहे हैं।
गहलोत ने केन्द्रीय वित्त मंत्री अरुण जेटली के हालिया बयान पर कहा कि मोदी सरकार कितने तानाशाही भरे तरीके से काम कर रही है, यह हम नहीं स्वयं भारतीय जनता पार्टी के नेता कह रहे हैं। जो कोई चाहे वह इस संबंध में समय-समय पर मीडिया में आएए लालकृष्ण आडवाणी, मुरली मनोहर जोशी, अरुण शौरी, शत्रुघ्न सिन्हा और घनश्याम तिवाड़ी के बयानों को देख सकता है। भाजपा और उसके नेता देश की जनता को यह नहीं बताते किए पाकिस्तान को तोड़कर बांग्लादेश इंदिरा ने बनाया। यह भी नहीं बताते कि अटल बिहारी वाजपेयी सरीखे नेता ने तब उन्हें दुर्गा बताया था। उन्होंने कहा कि जेटली सहित भाजपा के तमाम नेताओं में यदि जरा सी भी नैतिकता, ईमानदारी और सच के साथ चलने की हिम्मत है तो उन्हें गांधी की आलोचनाओं के लिए देश से माफी मांगनी चाहिए।
झूठ को सच साबित करने की महारत
उन्होंने कहा किए भाजपा और आरएसएस के नेताओं को एक झूठ को सौ बार बोलकर सच जैसा साबित करने में महारत हासिल है। ऐसा ही वे पिछले 43 वर्षों से आपातकाल के मामले में कर रहे हैं। सच यह है कि इंदिरा ने आपातकाल अपनी कुर्सी बचाने के लिए नहीं बल्कि इस देश को बचाने के लिए लगाया। उन्होंने कहा कि आपातकाल की वर्षगांठ मनाने वाले देश की जनता और खासतौर पर नई पीढ़ी को यह नहीं बताते कि उस वक्त इन्होंने देश का क्या हाल कर दिया था।
फिर काम करने की आजादी क्यों नहीं
उन्होंने सवाल किया किए आज तो ऐसे कोई हालात नहीं हैं फिर क्यों सरकार विधायिका, कार्यपालिका, न्यायपालिका और मीडिया को आजादी से अपना काम नहीं करने दे रही? क्यों उस गुजरात में लोकतांत्रिक अधिकारों के लिए आंदोलन करने वालों पर देशद्रोह के मुकदमे दर्ज किए जा रहे हैं, जिससे स्वयं प्रधानमंत्री और भाजपा अध्यक्ष आते हैं।
Published on:
26 Jun 2018 07:55 pm
Copyright © 2026 Patrika Group. All Rights Reserved.
