विजय शर्मा
जयपुर। भर्ती की प्रक्रिया जो सेना में होती है वहीं, बाहर होती है। लोग सोचते हैं कि सेना में सिर्फ हथियार चलाते हैं। लेकिन ऐसा नहीं है। लड़ाई तो एक पार्ट है। सेना में अधिकतर प्रशासनिक काम होता है। सेना में ली गई ट्रेनिंग, लीडरशिप और अनुभव चयन बोर्ड मेंं काम आएगा। खासतौर से पेपर लीक को रेाकने के लिए हम काम करेंगे। गिरोह को चिन्हित करेंगे, उनकी संभावनाओं को भांपते हुए नई टेक्नोलॉजी अपनाएंगे। ऐसा सिस्टम विकसित करेंगे कि युवाओं को निराश नहीं होना पड़ेगा।
यह कहना राजस्थान कर्मचारी चयन बोर्ड के नवनियुक्त चेयरमैन रिटायर्ड मेजर जनरल आलोक राज का। सरकार ने बुधवार देर रात उनकी नियुक्ति चेयरमैन पद पर की। बोर्ड में पहली बार सेना के रिटायर्ड अफसर को चेयरमैन बनाया गया है। इससे पहले रिटायर आईएएस और आईपीएस अधिकारी चेयरमैन रह चुके हैं। नवनियुक्त चेयरमैन ने राजस्थान पत्रिका से खास बातचीत की।
जुलाई में भेजा था इस्तीफा
बोर्ड के तत्कालीन चेयरमैन हरिप्रसाद शर्मा का कार्यकाल अक्टूबर में खत्म होना था। लेकिन शर्मा ने जुलाई में ही सरकार को अपना इस्तीफा भेज दिया था। पिछले चार दिन से बेरोजगार नए चेयरमैन की मांग कर रहे थे। राजस्थान बेरोजगार एकीकृत संघ के प्रदेशाध्यक्ष के नेतृत्व में अनशन किया जा रहा था। इसके बाद सरकार ने नए चेयरमैन के आदेश जारी किए। इधर, नए अध्यक्ष आने के बाद यादव ने गुरुवार को अनशन समाप्त कर दिया।
पत्रिका : सितंबर-अक्टूबर में भर्तियां प्रस्तावित हैं, कैसे तैयारी करोगे
चेयरमैन: अभी कार्यभार ग्रहण किया है। जितना जल्दी हो सकेगा काम में जुट जाऊंगा। देरी नहीं होने दूंगा। ओवर टाइम काम करेंगे, ताकि पेडिंग काम पूरा कर सके।
पत्रिका: भर्तियाें में समय लगता है फिर परिणाम में देरी होती है, पेपर लीक के मेहनत बर्बाद होती है, कैसे सुधार करोगे
चेयरमैन: दुख होता है जब युवाओं की मेहनत पर पानी फिर जाता है। हम ऐसे हालात ही पैदा नहीं होने देंगे। जो भी करेंगे प्लानिंग करेंगे। हमारी कोशिश रहेगी कि कभी पेपर लीक नहीं हो।
पत्रिका: आप किस मिशन के साथ बोर्ड मेें काम करेंगे
चेयरमैन युवाओं की उम्मीदों पर खरा उतरेंगे। उनकी आकांक्षाओं को पूरा करेंगे। पारदर्शिता के साथ भर्तियों की प्रक्रिया पूरी करेंगे।
पत्रिका: युवाओं को क्या संदेश देना चाहेंगे
चेयरमैन: हर बच्चा जो पढ़़ाई करता है, उसे यह जानना चाहिए कि कैसे सवाल आते हैं। तैयारी दिमाग की होती है। सवालों को समझें और फिर उत्तर दें। दिमाग को ट्रेंड करने की जरुरत है।