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जैसलमेर (मोहनगढ़) . जैसलमेर रोड पर स्थित काणोद में पानी की एक पाइप लाइन से पिछले चौबीस घण्टों से पेयजल व्यर्थ बह रहा है। उसके बावजूद जिम्मेदार इस ओर ध्यान नहीं दे रहे हैं। इस संबंध में ग्रामीणों व राहगीरों ने जलदाय विभाग के कर्मचारियों व अधिकारियों को सूचना भी दी, लेकिन पाइप लाइन दुरस्त नहीं हो पाई। ऐसे में हजारों लीटर पानी व्यर्थ बह गया। इंदिरा गांधी नहर में 29 मार्च से पानी की सप्लाई बंद कर दी गई। इसके चलते सिंचाई के लिए पानी को भी बंद कर दिया गया। अब इन नहरों में सिर्फ पीने के लिए ही पानी संरक्षित किया गया है। मार्च माह में ही भीषण गर्मी के चलते पानी की खपत भी बढऩे लगी है। कई गांवों में गर्मी के शुरू होते ही पानी की किल्लत भी होने लगी है। उसके बावजूद जिम्मेदार अभी तक संरक्षित किए गए पानी पर बिल्कुल ही ध्यान नहीं दे रहे है। जिसके चलते काणोद में पिछले 24 घण्टों से पानी व्यर्थ बह रहा है। इस संबंध में सुरेन्द्र सिंह रावलोत, लडु सिंह, राजेन्द्र सिंह, अजय, लूणसिंह राजपुरोहित आदि ने बताया कि यहां पाइप लीकेज से फव्वारा चल रहा है। जो शनिवार को भी दिन भर जारी रहा।
जीएलआर नहीं होने से गहरया पेयजल संकट
जैसलमेर . ग्राम पंचायत डांगरी के राजस्व गांव छोडिय़ा स्थित उत्तमानियों की ढाणी के बाशिंदों को गर्मी के मौसम में पेयजल किल्लत का सामना करना पड़ रहा है। ग्रामीण दौलत मेघवाल ने बताया कि यहां जीएलआर व पानी की टंकी का अभाव होने से ग्रामीणों व पशुपालकों को काफी परेशानी झेलनी पड़ रही है। इस संबंध में कई बार जन प्रतिनिधियों व विभागीय अधिकारियों को अवगत कराया, लेकिन आश्वासन के सिवाय कुछ नहीं मिला। ग्रामीणों को पीने के लिए मंहगे दामों में पानी की टंकियां मंगवानी पड़ती है। ऐसे में उन्हें आर्थिक व मानसिक रूप से परेशनी झेलनी पड़ती है। ग्रामीणों ने ढाणी में जीएलआर व पशुखेली बनाने की मांग की है।
Published on:
01 Apr 2018 07:06 pm
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