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JAISALMER NEWS- आखिर सूखा प्रभावित क्षेत्रों में पहुंची केन्द्र की यह टीम, गांवों में पहुंच किया….

केन्द्रीय अध्ययन दल ने सूखा प्रभावित क्षेत्रों का जायजा लिया

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बैठक कर चारा, पानी व राहत प्रबंधन पर की गई व्यवस्थाओं पर समीक्षा
जैसलमेर . अंतर मंत्रायलिक केन्द्रीय अध्ययन दल ने मंगलवार को जैसलमेर जिले के सूखा प्रभावित क्षेत्रों का दौरा कर हालात का जायजा लिया। इसके बाद उन्होंने जिला प्रशासन, जनप्रतिनिधियों व विभागाधिकारियों के साथ बैठक कर चारा, पानी व राहत प्रबंधन पर की गई व्यवस्थाओं पर समीक्षा की। केन्द्रीय अध्ययन दल में संयुक्त शासन सचिव, डीएसी, एफ.ए, केएस निवास, निदेशक डीएसी, एफ.ए डॉ. सुभाषचन्द्र, डीजीएम एफ.सीआई जयपुर अनिल ढिल्लन ने कलेक्ट्रेट सभागार में राज्य के आपदा प्रबंधन, राहत सचिव हेमन्त गैरा व जिला कलक्टर कैलाशचन्द मीना, विधायक छोटूसिंह भाटी, यूआईटी अध्यक्ष डॉ. जितेन्द्रसिंह की मौजूदगी में विभाग के अधिकारियों से सूखा प्रभावित तहसीलों पर पशुओं की चारा व रहन सहन व्यवस्था, पेयजल व अन्य प्रबंधन की जानकारी ली। जिला कलक्टर मीना ने संक्षिप्त प्रस्तुतिकरण के साथ जिले की जैसलमेर, पोकरण, फतेहगढ़ व भणियाणा तहसीलों के प्रभावित क्षेत्रों की में सूखे और इससे प्रभावित जन-धन और पशुधन की जानकारियंा दी। विधायक छोटूसिंह भाटी ने केन्द्र सरकार को विशेष भौगोलिक परिस्थिति के मध्यनजर राहत प्रबंधन की सीमा 90 दिन से बढ़ाकर अधिक करने की बात कही। संयुक्त शासन केएस निवास ने राज्य में सूखे की गिरदावरी रिपोर्ट के आधार पर अधिसूचना जारी होने के बाद किए गए राहत प्रबंधों की जानकारी ली।

IMAGE CREDIT: patrika

इससे पूर्व आपदा प्रबंधन और राहत सचिव हेमन्त गेरा ने बाड़मेर-जैसलमेर जिलों की रेगिस्तानी विशेष परिस्थितियों से अवगत कराया, वहीं जिला कलक्टर कैलाशचन्द मीना ने सूखा प्रभावित स्थिति की जानकारी दी। बैठक में विधायक छोटूसिंह भाटी, नगरपरिषद सभापति कविता खत्री, नगर विकास न्यास अध्यक्ष डॉ. जितेन्द्रसिंह आदि उपस्थित थे। इससे पूर्व केन्द्रीय अध्ययन दल ने जैसलमेर और सम तहसील के सूखा प्रभावित क्षेत्रों का अवलोकन किया।
ली फसल खराबे की जानकारी
दल ने फतेहगढ़ तहसील के मण्डाई पंचायत मुख्यालय का दौरा कर यहां ग्रामीणों से खरीफ की फसल के खराबे की जानकारी ली। बाद में दल ने सांगड़ में मामडियाई गौशाला का निरीक्षण किया और गौशाला में गायों के लिए की गई व्यवस्थाओं की जानकारी ली। दल ने देवीकोट के केहर फकीर की ढाणी में ग्रामीणों से इस बार हुई वर्षा और खरीफ की फसल खराबे के बारे में पूछताछ की। दल जैसलमेर तहसील के डाबला पंचायत मुख्यालय गया, जहां उपस्थित ग्रामीणों से अकाल के हालातों पर चर्चा की। दल के साथ आपदा प्रबंधन व राहत सचिव हेमन्त गैरा, जिला कलक्टर कैलाशचन्द मीना व अतिरिक्त जिला कलक्टर केएल स्वामी मौजूद रहे।