
राजस्थानी रंग में रंग इस विदेशी प्रेमी जोड़े ने लिए अग्नि के सात फेरे जैसलमेर भ्रमण पर आने वाले सैलानी यहां की स्थापत्य धरोहरों, सभ्यता व संस्कृति के मुरीद हो जाते हैं। ऐसे ही जर्मनी से जैसलमेर आए एक प्रेमी युगल शाशा गोट्सचाक व करीमा ने अग्नि के सात फेरे लेकर सात जन्मों तक साथ निभाने की कसमें खाई।

वैदिक मंत्रोच्चार के बीच यह शादी ढिब्बा पाड़ा स्थित एक होटल में धूमधाम से संपन्न हुई। जिसमें युगल के स्थानीय कई दोस्त शरीक हुए। पंडित धर्मेन्द्र ओझा ने यह शादी संपन्न करवाई।

जैसलमेर में हिंदू रीति से विवाह बंधन में बंधने वाले शाशा जर्मनी के रहने वाले हैं, जबकि उनकी दोस्त करीमा के माता-पिता मोरक्को में रहते हैं और वह खुद भी जर्मनी में रहती है।

करीमा जब राजस्थानी घाघरा-ओढऩी और स्वर्णाभूषणों से सजधजने के बाद काफी खूबसूरत नजर आई। जब विवाह मंडप में पहुंची तो बेहद खुश थी। दूल्हे के रूप में शाशा ने जरीदार शेरवानी पहनी।