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जैसलमेर . जिला वैकल्पिक विवाद निस्तारण केन्द्र, जैसलमेर में रविवार को बाल विवाह रोको अभियान का उद्घाटन हुआ। कार्यक्रम अध्यक्ष जिला विधिक सेवा प्राधिकरण, (जिला एवं सेशन न्यायाधीश) जैसलमेर मदनलाल भाटी ने कहा कि हमारे समाज में बाल विवाह की कुरीति बड़े पैमाने पर प्रचलित है। अक्षय तृतीया, पीपल पूर्णिमा व अन्य अवसरों पर बड़ी संख्या में बाल विवाह होते हैं। इनके दुष्परिणाम बच्चों के साथ-साथ पूरे समाज को भोगने पड़ते हैं। इस कुरीति को रोकने के लिए तीन माह तक बाल विवाह रोको अभियान चलाया जाएगा। उन्होंने जिले को बाल विवाह से मुक्त कराने का आह्वान किया। इसकी जानकारी मिलने पर तुरंत प्राशासने को अवगत करवाने को कहा। इसकी सूचना देने वाले का नाम गुप्त रखा जाता है। कार्यक्रम का संचालन करते हुए पूर्णकालिक सचिव डॉ. महेन्द्र कुमार गोयल ने कहा कि बाल विवाह में सहयोग देने वालों को दंड का प्रावधान है। न्यायिक मजिस्ट्रेट प्रवीण चौहान, ग्राम न्यायालय के न्यायाधिकारी जितेन्द्र कुमार, बाल कल्याण समिति जैसलमेर के अध्यक्ष बृजमोहन रामदेव, बार संघ के अध्यक्ष, राणीदान सेवक, मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. बी.एल. बुनकर, प्रमुख चिकित्सा अधिकारी डॉ. उषा दुग्गड़, सहायक निदेशक सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता विभाग हिम्मतसिंह कविया, पैनल अधिवक्ता गिरिराज गज्जा, विद्यालयों के प्रधानाचार्य, स्वयं सेवी संगठनों के प्रतिनिधि, पैरालीगल वॉलेन्टीयर सहित जिला स्तरीय अधिकारियों ने भाग लिया।
Published on:
02 Apr 2018 08:45 pm
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