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चुनावी सरगर्मियों के बीच चमक रहा तस्करी का कारोबार

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चुनावी सरगर्मियों के बीच चमक रहा तस्करी का कारोबार

चुनावी सरगर्मियों के बीच चमक रहा तस्करी का कारोबार

कम दामों में लाकर शहर में इधर-उधर खपा रहे शराब, हाथ पर हाथ धरे बैठा है आबकारी महकमा


जालोर. चुनावी सरगर्मियों के बीच शहरी क्षेत्र में शराब की मांग बढ़ रही है। ऐसे में शराब तस्करी का कारोबार भी चमक रहा है। कम दामों में मिलने वाली शराब को इधर-उधर से लाकर खपाया जा रहा है। ठेकेदार इसमें मुनाफा कमा रहे हैं तो तस्कर भी चांदी काट रहे हैं। निगरानी के पर्याप्त इंतजाम नहीं होने से विभिन्न क्षेत्रों में भारी मात्रा में शराब खपाई जा रही है। अवैध रूप से पार हो रही खेप रोकने की दिशा में जांच एजेंसियां ज्यादा ध्यान नहीं दे रही है, हालांकि पुलिस इस तरह के मामले पकड़ भी रही है, लेकिन मादक पदार्थों की तस्करी रोकने वाला आबकारी महकमा एक तरह से हाथ पर हाथ धरे बैठा है। आमतौर पर चुनाव के मद्देनजर आबकारी महकमे को सख्ती से निगरानी रखनी चाहिए, लेकिन इस दिशा में ठोस प्रयास नहीं किए जा रहे।

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गांवों से लाकर शहर में बिकवाली
सूत्र बताते हैं कि ग्रामीण क्षेत्र की दुकानों से कम दरों में शराब खरीदी जा रही है। इसे अवैध रूप से लाकर शहरी इलाकों में बेचा जा रहा है। मुनाफे का सौदा होने से यह अवैध कारोबार इन दिनों जिलेभर में जोरों से चल रहा है। इन दिनों पुलिस की पकड़ में आ रहे शराब तस्करी के मामले भी यहीं दर्शाते हैं। (rajasthan excise department)


इसलिए तस्करी को मिल रहा बढ़ावा
निकाय चुनाव के मद्देनजर शहरी क्षेत्रों में निगरानी के पुख्ता प्रयास होने चाहिए, लेकिन न तो आबकारी महकमा ध्यान दे रहा है और न ही रोकथाम हो रही है। दुकानों से भारी मात्रा में शराब निकाली जा रही है और इसे अवैध रूप से ही खपाया जा रहा है, लेकिन रोकथाम के प्रयास नहीं किए जा रहे। ऐसे में ठेकेदारों को शह और तस्करी को बढ़ावा मिल रहा है।

ठेकेदार व तस्करों में फायदे का गठजोड़
बताया जा रहा है देसी शराब की दुकानों में गारंटी पूर्ति करने एवं मुनाफा कमाने के चक्कर में ठेकेदार भी इस कारोबार में जुड़ गए हैं। अपेक्षाकृत कम दामों पर शराब बेचकर ठेकेदार अपनी गारंटी पूरी कर लेते हैं, जो फायदे का सौदा ही है। तस्करों से गठजोड़ रखते हुए माल को आगे से आगे बेचा जाता है। मुनाफा मिलने के कारण तस्कर भी इसमें रुचि लेते हैं। यही कारण है कि ग्रामीण क्षेत्रों में पसंदीदा दुकानों से माल लाकर शहरी क्षेत्र से जुड़ी इच्छित जगहों पर खपाया जा रहा है। rajexcise.gov.in


कार्रवाई करते हैं...
इस तरह के मामलों में सूचना मिलने पर कार्रवाई करते ही है।
- विनोद वैष्णव, जिला आबकारी अधिकारी, जालोर