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राष्ट्रव्यापी महापरीक्षा अभियान के तहत 496 केंद्रों में इतने असाक्षरों ने दी परीक्षा

- 14 हजार असाक्षरों ने भाग लेकर साक्षर बनने की कोशिश की।
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जांजगीर चंपा

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Shiv Singh

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Updated: 25 Mar 2018, 7:48 PM IST

राष्ट्रव्यापी महापरीक्षा अभियान के तहत 496 केंद्रों में इतने असाक्षरों ने दी परीक्षा

जांजगीर-चांपा. परीक्षा महाभियान में असाक्षरों को साक्षर करने रविवार को 496 केंद्रों में परीक्षा ली गई। लोक शिक्षा केंद्रों में डीपीओ ने परीक्षा आरोजित करने चाक चौबंद व्यवस्था की थी। परीक्षा का दौर सुबह से लेकर शाम तक चला। परीक्षा में 14 हजार 416 असाक्षरों को शामिल होने का टारगेट दिया गया था। परीक्षा में तकरीबन 14 हजार असाक्षरों ने भाग लेकर साक्षर बनने की कोशिश की।

राष्ट्रीय साक्षरता मिशन प्राधिकरण व राष्ट्रीय मुक्त विद्यालय शिक्षा संस्थान के तत्वावधान में 25 मार्च को साक्षर भारत कार्यक्रम के तहत राष्ट्रव्यापी महापरीक्षा अभियान का आयोजन किया गया। महापरीक्षा अभियान के तहत जिले के 496 ग्राम पंचायतों में शासकीय प्राइमरी व मिडिल स्कूलों को परीक्षा केंद्र बनाया गया था।

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परीक्षा के लिए पंचायत सचिव, प्रेरक व अनुदेशकों को महापरीक्षा की जिम्मेदारी दी गई थी। परीक्षा में 14 हार 416 परीक्षार्थियों को शामिल होना था, जिसके अनुपात में परीक्षार्थियों ने सुबह उत्साह के साथ भाग लिया। गांवों के परीक्षा केंद्रों में असाक्षरों ने सुबह 10 से शाम 5 बजे तक परीक्षा ली गई।

सारक्षता मिशन ने महापरीक्षा को लेकर ग्रामीण अंचलों में जोर-शोर से तैयारी की थी। प्रचार-प्रसार के लिए गांवों में फ्लैक्स लगाए गए थे, पांप्लेट बांटे गए थे। इसके अलावा घरों में माताओं बहनों को प्रेरकों द्वारा आग्रह किया गया था। ताकि लोग निरक्षरता से उबर कर साक्षर बन जाएं। कई स्थानों में परीक्षा हाल में खचाखच भीड़ देखी गई तो कई केंद्रों में उपस्थिति एकदम नहीं के समान थी।

सरकारी आंकड़ों के मुताबिक छह साल के बच्चों को निरक्षर माना गया है। जिले में इस उम्र के तकरीबन ढाई लाख बच्चे शामिल हैं। जिसमें एक लाख 14 हजार बालक व एक लाख नौ हजार बालिका शामिल है। इसके अलावा जिले में सभी वर्ग के निरक्षरों की श्रेणी को जोड़ा जाए तो जिले भर में तकरीबन छह लाख लोगों को शामिल किया गया है।

शाम तक चली परीक्षा
महापरीक्षा अभियान के तहत रविवार को असाक्षरों की परीक्षा ली गई। इसके लिए जिले में 496 केंद्र बनाए गए थे। सभी स्थानों में परीक्षा शांतिपूर्वक संपन्न हो गई। परीक्षा शाम तक चलता रहा- संतोष कश्यप डीपीओ साक्षर भारत कार्यक्रम

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