
पन्नी का छत बनाकर उसके नीचे रहने मजबूर
जांजगीर-चांपा. जिला मुख्यालय में प्रधानमंत्री आवास योजना का बुरा हाल है। नगरपालिका के कर्मचारियों के कार्यशैली को लेकर हितग्राही भी आक्रोशित हंै। मकान निर्माण कार्य तो वे शुरू कर चुके हैं,
लेकिन उनका मकान आधा अधूरा पड़ा हुआ है। इसके चलते गरीब वर्ग के लोगों को सिर ढंकने का ठिकाना नहीं मिल रहा है। कई हितग्राही ऐसे हैं जो बीते छह से आठ माह तक अपना मकान तोड़कर पन्नी का छत बनाकर उसके नीचे रहने मजबूर हैं। लेकिन विभागीय अधिकारियों को हितग्राहियों की समस्या से कोई सरोकार नहीं है।
देश के प्रधान मंत्री नरेंद्र मोदी का सपना है कि देश में कोई बेघर न हो सबसे के लिए आवास की सुविधा हो। इसके लिए उन्होंने प्रधान मंत्री आवास योजना का शुभारंभ किया है। साल भर पहले शुरू हुई योजना का पूरे जिले में बुरा हाल है। सबसे बदतर स्थिति जिला मुख्यालय के नगरपालिका की है। जिला मुख्यालय के नगरपालिका में 443 पात्र हितग्राही हैं। जिसमें छह माह के भीतर मात्र 14 मकान पूर्ण हो पाए हैं। 90 मकान निर्माणाधीन है।
वहीं 379 मकान भगवान भरोसे हैं। किसी का प्लिंथ लेवल का काम चल रहा है तो किसी का छत ढलाई का काम चल रहा है। किसी का काम अब तक शुरू नहीं हो पाया है। ऐसे में सस्ती मकान का सपना पूरा नहीं हो रहा है।
कई हितग्राही ऐसे हैं जो योजना का लाभ लेने के लिए अपना पुराना मकान को तोड़ दिया है, लेकिन उनका नया मकान भगवान भरोसे है। क्योंकि गर्मी के पहले नगरपालिका जांजगीर में योजना की शुरूआत हुई। इससे पहले कागजी कार्रवाई की जा रही थी। जैसे ही कार्रवाई शुरू हुई इसके बाद गर्मी का मौसम आ गया।
कुछ लोगों ने गर्मी में काम शुरू किया, इसके बाद शहर में पानी की किल्लत शुरू हो गई। पानी की समस्या की वजह से लोग मकान बनाने का काम शुरू नहीं कर पाए। अब बारिश का दौर शुरू हो चुका है। इसके चलते उन्हें परेशानी हो रही है। अलबत्ता योजना के तहत मकान निर्माण का कार्य अधर में है।
कर्मचारी कर रहे कमीशन की बात
प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत सरकार ने पूरी रकम नगरपालिका को उपलब्ध करा दी है, लेकिन नगरपालिका के कर्मचारी योजना के सफल क्रियान्वयन के लिए कोताही बरत रहे हैं। सभी कर्मचारियों को उपरी कमाई की अपेक्षा है। जब तक हितग्राही कर्मचारियों को बतौर कमीशन घूस नहीं दे रहे हैं तब तक उनके अकाउंट में राशि जमा नहीं हो रही है। हितग्राहियों का काम तब हो रहा है जब योजना से जुड़े लोगों द्वारा कर्मचारियों को कमीशन नहीं दिया जा रहा है।
राशि जमा पर, देने कर रहे कोताही
सरकार ने प्रधान मंत्री आवास योजना के तहत जितना मकान बना रही है उनके मकानों की राशि नगरपालिका में जमा कर दी है। जांजगीर नैला नगरपालिका में दो लाख 30 हजार रुपए प्रति हितग्राही के हिसाब से 11 करोड़ रुपए जमा कर दी है। जिसमें केवल 14 हितग्राहियों को राशि का भुगतान किया गया है। शेष हितग्राहियों को एक या दो किस्त राशि ही मिल पाई है। जो हितग्राही जितना काम करा लिया है उस हिसाब से उसे राशि जारी नहीं की जा रही है। राशि पाने हितग्राही भटक रहे हैं।
-प्रधान मंत्री आवास योजना का काम गर्मी के समय पानी की किल्लत की वजह से प्रभावित हुआ था। अब कार्य प्रगतिरत है। हितग्राहियों को समय पर भुगतान हो रहा है।
-सुशील चंद्र शर्मा, सीएमओ
Published on:
04 Aug 2018 03:38 pm

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