25 जनवरी 2026,

रविवार

Patrika LogoSwitch to English
icon

मेरी खबर

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

खरीदी प्रभारी बिके हुए धान पर डाल रहे डाका, एसडीएम ने पकड़ी चोरी

धान खरीदी केन्द्र में प्रभारियों द्वारा भर्राशाही किया जा रहा है। धान बेचने के बाद खुलेआम खरीदी केन्द्र में धान की चोरी किया जा रहा है। इसका खुलासा मंगलवार को एसडीएम जांच करने पहुंची तो हुआ। जहां पांच से छह खरीदी केन्द्रों में ८ से १० किलो धान की कमी पाई गई। इससे सीधा नुकसान शासन को होगा। अब एसडीएम ने नोडल अधिकारी को संबंधित खरीदी प्रभारी के खिलाफ कार्रवाई करने के निर्देश दिए हैं।

3 min read
Google source verification
खरीदी प्रभारी बिके हुए धान पर डाल रहे डाका, एसडीएम ने पकड़ी चोरी

janch karati sdm

जिले में अब धान खरीदी अंतिम पड़ाव पर है। वहीं केंद्रों से धान उठाव को लेकर भी प्रशासन काफी सख्ती दिखा रहा है, साथ ही कुछ केंद्रों में परेशानियों की बातें भी सामने आ रही है। लेकिन इसी बीच खरीदी प्रभारी सीधे धान के बोरे में चोरी कर अपना जेब भरने में जुट गए हैं। कई खरीदी केन्द्रों में लगातार चोरी की शिकायत मिली रही थी। शिकायत पर जांच करने सक्ती एसडीएम पांच से छह खरीदी केन्द्रों का निरीक्षण की तो शिकायत एकदम सही मिला। धान खरीदी केंद्र में केंद्र प्रभारी की गलतियों का खामियाजा अब राइस मिलरों को भुगतना पड़ सकता हैं। एसडीएम सोनादुला धान खरीदी केंद्र पहुंची, जहां धान के बोरे में 3 से 5 किलो तक की कमीं मिली। ग्राम पोता में भी निरीक्षण के दौरान 4 से 5 किलो धान बोरे में कम मिला। पोता धान खरीदी प्रभारी राज कुमार चंद्रा की भी लगातार भर्राशाही करने की शिकायत मिल रही थी, इसके बाद एसडीएम पोता भी पहुंची और पाया कि धान में काफी अफरा-तफरी की जा रही है। बड़े राबेली धान खरीदी केंद्र में भी एसडीएम जांच में 3 से 5 किलो धान कम पाया गया है। बता दें कि बड़े रबेली में भी शिव चंद्रा की शिकायत मिली थी। इस तरह का यह मामला जिले में पहली बार सुनाई दी हैं। जहां केंद्र प्रभारी किसानों से धान अधिक खरीदते हैं और फिर बोरों से धान निकाल अपने घरों की तिजोरी भरते हैं। प्रदेश सरकार के धान खरीदी के समर्थन मूल्य से किसान काफी खुश हैं, वहीं भ्रष्ट खरीदी प्रभारियों के कारण प्रशासन को नुकसान तो हो रहा है, इसके अलावा बदनामी भी हो रही है। एसडीएम मालखरौदा रजनी भगत पदभार ग्रहण करते ही शिकायतों पर तत्काल जांच के साथ कार्रवाई भी कर रही हैं। रजनी भगत की तत्परता से आज इतने बड़े भ्रष्टाचार का भंडाफोड़ हुआ है। वहीं एसडीएम ने जिला नोडल अधिकारी माहेश्वरी तिवारी को तत्काल कार्रवाई के लिए निर्देशित भी किया है।
आमनदुला में १० किलो तक कम मिला धान
आमनदुला धान खरीदी केंद्र में भी जिन बोरियों की जांच एसडीएम द्वारा की गई। उसमें 10 किलो से अधिक धान की कमी मिली। वहीं बहुचर्चित गांव पिहरिद में भी जांच में 7 से 8 किलो धान की कमीं एसडीएम को मिली। यहां तो शिकायतों के अनुरूप जांच हुई और धान की कमियों सहित कुछ जमीनी हकीकत उजागर हुई। ऐसे ही कई खरीदी केन्द्र हैं, जहां चोरी करते हुए अपने जेब भरकर शासन-प्रशासन को करोड़ों का चूना लगाया जा रहा है। जांच करने पर अन्य खरीदी केन्द्रों में इसका खुलासा हो सकता है।
सुलौनी खरीदी केन्द्र में तराजू बांट ही नहीं
सुलौनी खरीदी केन्द्र में तो अंधेर नगरी चौपट राजा वाली कहावत चरितार्थ हो रहा है। इस गांव की कहानी तो इन सब से अलग ही चल रहा हैं। बता दें कि धान खरीदी के लिए मानक बोरे में तौलकर धान भरा जाता हैं, मगर सुलोनी में तो तराजू बांट ही नहीं है। यहां अंदाजा से धान का तौल किया जा रहा है। जिसका भी खुलासा एसडीएम की जांच में हुआ है। सुलोनी धान खरीदी जवाहर साहू हैं।
किसानों से दो किलो अधिक तौलकर किया जा रहा इधर चोरी
इस तरह के चोरी करने के कारण ही अधिकांश धान खरीदी प्रभारी १५ हजार सैलरी पाने वाले आज करोड़ों में खेल रहे हैं। इधर पहले ही अधिकांश खरीदी केन्द्रों में किसानों से तौल के नाम डेढ़ से २ किलो धान खुलेआम अधिक लिया जा रहा है। इसकी शिकायत लगातार सामने आ रही है। किसानों से अधिक धान लेकर इधर धान के फड से १० किलो तक चोरी किया जा रहा है। ऐसे खरीदी प्रभारी पर तत्काल कार्रवाई होनी चाहिए।
वर्जन
शिकायत मिलने पर खरीदी केन्द्रों का जांच किया तो पांच खरीदी केन्द्रों में १० किलो तक धान तौलाई कम पाया गया। संबंधित धान खरीदी प्रभारी के खिलाफ नोडल अधिकारी को कार्रवाई करने निर्देर्शित किया गया हैं।
रजनी भगत, एसडीएम मालखरौदा
---------