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Sanjeev Jeeva : हत्यारा विजय लखनऊ में पेयजल पाइप डालने का कर रहा था काम, बीकॉम है पास, जनिए कुंडली…

Sanjeev Jeeva : जीवा के हत्यारोपी विजय यादव के पिता मामूली किसान है और किसानी करके ही परिवार का भरण पोषण करते हैं। विजय के इस कदम से श्याम यादव काफी टूटे दिखाई दिए।

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Sanjeev Jeeva

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Sanjeev Jeeva : मुख्तार अंसारी गैंग के खास संजीव माहेश्वरी उर्फ जीवा कल लखनऊ कोर्ट में तबातड़तोड़ फायरिंग कर वकील के भेष में आये हत्यारे ने जान ले ली। इस दौरान वकीलों ने हत्यारे को पकड़ लिया और उसकी जमकर पिटाई कर दी। हत्यारा जौनपुर के केराकत थानाक्षेत्र का रहने वाला है। वह बीकॉम पास है और इस समय लखनऊ में सीवर पाईप लाइन डालने का काम कर रहा था।

केराकत के सुल्तानपुर सुर्की गांव का निवासी

कोर्ट परिसर में हत्या के बाद पकड़ा गया शूटर विजय यादव जौनपुर का रहने वाला है। इस बात का खुलासा पुलिसिया पूछताछ में हुआ। जौनपुर के केराकत थानाक्षेत्र के सुल्तानपुर सर्की गांव का रहने वाला। घर वालों की मानें तो वह दो महीने से लखनऊ में रहकर पेयजल पाइप लाइन बिछाने का काम कर रहा था।

15 दिन से बंद था मोबाइल

आरोपी के घर पर उसके पिता श्याम यादव और पूरा परिवार है। श्याम यादव ने बताया कि उसके चार बेटे हैं। उसमें दुसरे नंबर पर विजय (24) है जो लखनऊ में रह रहा है। इस समय वह सीवर व पेयजल पाइपलाइन डालने का काम कर रहा है। इसके पहले मुंबई में टाटा कंपनी में मजदूरी करता था। उन्होंने बताया कि उसने बीकॉम किया है और पिछले 15 दिनों से उसका मोबाइल बंद था जिससे हम सभी परेशान थे और आज पुलिस ने यह सूचना दी है।

पाक्सो एक्ट का लगा था मुकदमा

होनहार से हत्यारा बना विजय यादव जौनपुर के मोहम्मद हसन पीजी कालेज से बीकॉम का कर चुका है। साल 2016 में बीकॉम लास्ट इसीर में ही उसके ऊपर आजमगढ़ की देवगांव कोतवाली में लड़की के आहरण और दुष्कर्म का मामला दर्ज हुआ था। इस मामले में दो माह पूर्व ही केस खत्म हुआ है।

घटना होते ही सीओ केराकत पहुंचे घर

पिता श्याम यादव ने बताया कि आज शाम में अचानक पुलिस की गाड़ी घर पहुंची तो हम सभी डर गए। उन्होंने हमें विजय के कृत्य की जानकारी दी जिसे सुनकर हम सभी हतप्रभ है कि उसने ऐसा किन परिस्थितियों में किया। उन्होंने बताया कि विजय जौनपुर के पिंटू के साथ लखनऊ गया था और हर महीने घर आता था पर 15 दिनों से मोबाइल बंद होने से सभी उसके लिया चिंतित थे।