30 सितंबर तक सभी पट्टे जारी करने के आश्वासन पर उतरे
झालावाड़. अपनी विभिन्न मांगों को लेकर शुक्रवार को करीब आधा दर्जन पार्षद गढ़ परिसर िस्थत पानी की टंकी पर चढ़ गए। टंकी ने सभी जमकर नारेबाजी की और नगरपरिषद आयुक्त को हटाने व विभिन्न कॉलोनियों के पट्टे जारी करने की मांग की। मौके पर पहुंचे एसडीएम, नगर परिषद सभापति और भाजपा पूर्व जिलाध्यक्ष ने उन्हें 30 सितंबर तक सभी पट्टे जारी करने भरोसा दिलाकर नीचे उतारा। पट्टे जारी करने में हो रही भारी गडबाडियों को लेकर एक दिन पूर्व संभागीय आयुक्त और जिला कलक्टर ने नगर परिषद आयुक्त को जनसुनवाई के दौरान जोरदार फटकार लगाई थी।
पार्षद सुजित कश्यप, गिरधर गोपाल, प्रकाश वर्मा, कमल कश्यप, शादाब खान, गोपाल आदि ने बताया कि पिछले दिनों पार्षदों ने पट्टों की फाइलें नगरपरिषद में जमा कराई थी लेकिन फाइलें वहां से गायब कर दी गई। वहीं नगरपरिषद की विज्ञप्ति में भी पट्टे जारी करने वालों के नाम गायब है। इस मामले को लेकर पिछले दिनों नगरपरिषद में प्रदर्शन किया तो आयुक्त अशोक शर्मा ने पुलिस में मामला दर्ज करा दिया। पार्षदों का आरोप है कि नगरपरिषद में जनता काम के धक्के खा रही है। जनता का कोई काम नहीं हो रहा है। आयुक्त कक्ष में दिनभर ताला लगा रहता है और मोबाइल भी बंद रहता है। वहीं शहर के प्रोपर्टी डीलर, कोलोनाइजर्स का हर काम तुरंत हो रहा है। इससे लगता है कि नगरपरिषद में जमकर भ्रष्टाचार हो रहा है। ऐस में आयुक्त को यहां से तुरंत हटाया जाए। टंकी पर चढ़े पार्षद आयुक्त को मौके पर बुलाने की मांग पर अड़े रहे। साथ में नीचे कई कार्यकर्ता उनके समर्थन में नारेबाजी कर रहे थे। सूचना मिलते ही पुलिस उपअधीक्षक की अगुवाई में पुलिस बल मौके पर पहुंच गया। करीब एक घंटे बाद उपखंड अधिकारी मौके पर पहुंचे और समझाइश की कोशिश की। इसी दौरान सभापति संजय शुक्ला और भाजपा पूर्व जिलाध्यक्ष संजय जैन और आयुक्त अशोक ने मौके पर पहुंचकर नीचे उतारने का प्रयास किया। प्रशासन ने उन्हें 30 सितंबर तक सभी पट्टे जारी करने वादा किया। जिसके बाद पार्षद नीचे उतरे।
दो माह पूर्व ही बदल दिया था लिपिक का प्रभार
संभागीय आयुक्त डॉ. प्रतिभा सिंह की अध्यक्षता में गुरूवार को मिनी सचिवालय हुई जनसुनवाई के दौरान पट्टों की फाइलें लेकर गायब हुआ लिपिक को 28 जुलाई को ही भूमि शाखा से हटा दिया था। इसके बावजूद उसने नए प्रभार वाले लिपिक को पट्टों की पूरी फाइलें नहीं सौपी। करीब आधी फाइलें वह दो माह से अपने कब्जे में लेकर खुद ही उनकी कार्रवाईयां कर रहा था। पट्टों के लिए चक्कर काटने वालों को कहा जा रहा था कि फाइलें नहीं मिल रही। यही लिपिक गुरूवार को जनसुनवाई से फाइलें लेकर गायब हो गया।
नहीं किया सस्पेंड
जनसुनवाई के दौरान गुरूवार को नगर परिषद आयुक्त अशोक शर्मा से संभागीय आयुक्त और जिला कलक्टर ने पट्टों की फाइलों के बारे में सवाल किया तो वे वे संतोषजनक जवाब नहीं दे पाए। जिस पर संभागीय आयुक्त और जिला कलक्टर ने आयुक्त को जोरदार फटकार लगाई। साथ ही दोषी लिपिक को तुरंत सस्पेंड करने के निर्देश दिए लेकिन आयुक्त ने शुक्रवार दोपहर बाद तक भी लिपिक को सस्पेंड नहीं किया बल्कि नोटिस ही दिया।