6 मई 2026,

बुधवार

Patrika Logo
Switch to English
home_icon

मेरी खबर

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

अब 21 दिसम्बर से होगा नहरों में जल प्रवाह

आवश्यकतानुसार किया जाएगा जलप्रवाह का निर्णय

less than 1 minute read
Google source verification
अब 21 दिसम्बर से होगा नहरों में जल प्रवाह

अब 21 दिसम्बर से होगा नहरों में जल प्रवाह

रायपुर. मौसम बदलाव व मावठ होने से चंवली बांध की बायीं व दायीं मुख्य नहरों में सिंचाई के लिए दूसरा पानी विलम्ब से छोड़ा जाएगा। जल संसाधन विभाग के सहायक अभियन्ता भाग्यशाली मीणा ने बताया कि नहरों में 21 दिसम्बर से जल प्रवाह किया जाएगा। जानकारी के अनुसार रबी की फसलों को सिंचाई के लिए पहला पानी तीस दिन पांच दिसम्बर तक जल प्रवाह किया गया। दस दिन के अन्तराल के बाद जल प्रवाह किया जाना था, लेकिन मावठ हो जाने के बाद नहरों में जल प्रवाह 21 दिसम्बर से किया जाएगा। सहायक अभियन्ता ने बताया कि किसानों की मांग व आवश्यकतानुसार जल प्रवाह का निर्णय किया जाएगा। बांध का वर्तमान लेवल 353.20 चल रहा है, कुल भराव क्षमता 356.50 मीटर है।
मरम्मत का कार्य
चंवली सिंचाई परियोजना के तहत टेल क्षेत्र के कई खेतों तक सिंचाई के लिए पानी नहीं पहुंचने से किसानों को नहरी पानी का लाभ नहीं मिल पा रहा था, अब विभाग क्षतिग्रस्त पुलिया का निर्माण करवा रहा है। जिससे किसानों के खेतों तक पानी पहुंचेगा। किसानों ने बताया कि पालखन्दा के रास्ते पर बनी रपट क्षतिग्रस्त होने से टेल क्षेत्र तक नहीं पहुंच पा रहा, जिससे कुओं से सिंचाई करनी पड़ रही। जिसके बाद विभाग ने मनरेगा योजना के तहत निर्माण कार्य शुरू करवाया है। जिससे किसानों को नहरी पानी की आस बंधी है। इस बारे में गत दिनों राजस्थान पत्रिका में खबर प्रकाशित हुई थी। सहायक अभियन्ता भाग्यशाली मीणा ने बताया कि पुलिया पर पक्का निर्माण की लागत एक लाख दस हजार रुपए का प्रस्ताव है व कच्चा कार्य अलग से है। निर्माण के बाद पानी आगे के ख्ेातों में पहुंच सकेगा।