6 मई 2026,

बुधवार

Patrika Logo
Switch to English
home_icon

मेरी खबर

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

डेढ़ साल पहले पाइप लाइन बिछाई, पानी आज तक नहीं मिला

घरों में कनेक्शन तक नहीं जोड़े, पुरानी पाइप लाइन से भी आपूर्ति बंद की

2 min read
Google source verification
Pipeline laid one and a half year ago, water not received till date

झालावाड़. भगत सिंह कॉलोनी में नई पाइप लाइन से कनेक्शन के पाइप भी बाहर सडक़ पर ही पड़े हैं।

झालावाड़. शहर में गोदाम की तलाई के ऊपरी क्षेत्र में जलापूर्ति की समस्या बनी हुई है। स्थानीय निवासी कई जलदाय विभाग जाकर पीड़ा बता चुके हैं लेकिन उनकी समस्या का समाधान नहीं हो रहा है। दरअसल यहां डेढ़ साल पहले अमृत योजना के तहत पानी की पाइप लाइन डाली गई लेकिन इसके बाद न तो घरों तक कनेक्शन हुए और न इस लाइन से जलापूर्ति शुरू हुई। वहीं पुरानी पाइप लाइन भी बंद करने से समस्या खड़ी हो गई है।
स्थानीय निवासियों ने बताया कि पाइप लाइन से तो कनेक्शन कर दिए लेकिन घरों में नहीं किए। कनेक्शन किए पाइप घरों के बाहर ही लटक रहे हैं। इस क्षेत्र में पानी की बड़ी परेशानी है।
कई मकान मालिकों ने तो परेशानी से बचने के लिए ट्यूबवैल खुदवा लिए। वहीं गोदाम की तलाई के निचले क्षेत्र में बढिय़ा जलापूर्ति हो रही है। पानी हर समय नलों से बहता रहता है। जब पाइप लाइन डाली जा रही थी तब सभी सोचा था कि अब पानी की समस्या का अंत होगा। डेढ़ साल से इंतजार कर रहे हैं लेकिन समस्या का समाधान ही नहीं हो रहा है।

सीवरेज का पानी मिल रहा घरों की लाइन में
स्थानीय लोगों ने बताया कि कई जगह पाइप लाइन क्षतिग्रस्त है। ऐसे में सीवरेज का पानी पाइप लाइन के जरिए घरों तक पहुंच रहा है। पांडे ने बताया कि पिछले दिनों जब सडक़ का काम चला तो ठेकेदार ने सीवरेज के गड्ढे में मिटटी भर दी। ऐसे में सीवरेज भी चौक हो रही है और गंदा पानी बाहर आ रहा है।

कोई ध्यान नहीं देता समस्या पर
स्थानीय निवासी भूपेंद्र पांडे ने बताया कि पानी की समस्या को लेकर कई बार कॉलोनी के लोग जलदाय विभाग कार्यालय में एईएन, जेईएन से मिला चुका। हर बार एक दो दिन में समाधान का आश्वासन दिया लेकिन समस्या का समाधान नहीं किया। इस क्षेत्र में मुश्किल से आधा घंटा भी जलापूर्ति नहीं हो रही है। यह विकट समस्या है।

एक बार पहले भी चेक करवाया था, फिर जेईएन से रिपोर्ट लेती हूं, क्या परेशानी है।
भावना मेहरा, सहायक अभियंता, जलदाय विभाग, झालावाड़