झालावाड़.राजस्थान माध्यमिक शिक्षा बोर्ड ने शुक्रवार को दसवीं बोर्ड का परीक्षा परिणाम जारी किया। जिले में कुल 19234 विद्यार्थी 10 वीं बोर्ड परीक्षा में शामिल हुए थे, जिनमें से 16 हजार 252 विद्यार्थी पास हुए है। जिले का परीक्षा परिणाम 84.50 फीसदी रहा, जो गत वर्ष से दस फीसदी अधिक रहा। इसबार भी 12वीं बोर्ड की तरह शहरों की बजाएं ग्रामीण प्रतिभाओं ने परीक्षा परिणाम में एक मिसाल कायम की। जिले में कई ग्रामीण प्रतिभाओं ने कमाल कर दिया। जिले के अकलेरा कस्बे के आदर्श विद्या मंदिर के छात्र पवन प्रजापति ने सबसे ज्यादा 98.50 फीसदी अंक प्राप्त कर अपने माता-पिता का नाम रोशन किया।जिले में इस बार प्रथम श्रण्ेाी 32.06, द्वितीय श्रेणी 43.68 तथा 24.26 फीसदी छात्र तृतीय श्रेणी से पास हुए है।जिले में प्रथम श्रेणी से 5211, द्वितीय श्रेणी 7099, तृतीय श्रेणी 3942 फीसदी पास हुए है।
चाय बेचकर भी किया टॉप-
जिले के अकलेरा कस्बे के आदर्श विद्या मंदिर के छात्र पवन कुमार पुत्र दुर्गाशंकर प्रजापति ने कमाल कर दिया। छात्र ने नियमित 5-6 घंटे पढ़ाई की। छात्र पवन अपनी पढ़ाई के साथ-साथ अपने पिता दुर्गाशंकर की चाय की दुकान पर भी हाथ बंटाता था। पवन गेहूंखेड़ी से नियमित रुप से अकलेरा रोडवेज बस से ही आता-जाता था। अभाव में पढऩे के बाद भी पवन ने 98.50 फीसदी अंक प्राप्त जिले का नाम रोशन किया। अपनी सफलता का श्रेय गुुरुजनों व माता-पिता को दिया। आगे जाकर पवन कलक्टर बनना चाहता है।
शिक्षक बनना चाहता है जितेन्द्र-
जिले के मनोहरथाना कस्बे के आदश्र विद्या मंदिर का छात्र जितेन्द्र लोधा पुत्र राजकुमार लोधा ने दसवीं बोर्ड में 98फीसदी अंक प्राप्त किए है। टेगरी गांव निवासी जितेन्द्र आगे जाकर शिक्षक बनना चाहताहै। जितेन्द्र ने बताया कि उसने बिना कोचिंग के प्रतिदिन 8-10 घंटे सेल्फ अध्ययन किया। अब वो शिक्षक बनना चाहता है। छात्र ने अकलेरा में पढ़ाई के लिए कमरे का किराया लेकर अध्ययन किया। अपनी सफलता काश्रेय माता-पिता व गुरुजनों को दिया।
मजदूर के बेटे ने किया कमाल-
भवानीमंडी कस्बे के बथेल सीनियर सैकण्डरी स्कूल के छात्र दिपांशु शुक्ला ने 98 फीसदी अंक प्राप्त किए हैं। दिपांशु के पिता आरटीएम मिल में मजदूरी करते हैं। मां नीतू देवी गृहिणी है। श्रेय माता-पिता शिक्षक जितेंद्र खण्डेलवाल को दिया। वो आगे जाकर इंजीनियर बनना चाहता है।
अंग्रेजी माध्यम में प्रथम रही संस्कृति-
अकलेरा के आदर्श बालविद्या मंदिर की छात्रा संस्कृति चौधरी पुत्री मानसिंह चौधरी ने अंग्रेजी माध्यम में 97.67 फीसदी अंक प्राप्त संभाग में प्रथम स्थान प्राप्त किया। चौधरी आगे जाकर शिक्षक बनना चाहती है। सफलता का श्रेय माता-पिता व गुरुजनों को दिया।
डॉक्टर बनना चाहती है मन्तशा-
झालावाड़ शहर के मॉर्डन सीनियर स्कूल की छात्रा मन्तशा पुत्री अब्दुल नफीस शेख ने 10वीं बोर्ड में 96फीसदी अंक प्राप्त किए। मन्तशा ने प्रतिदिन आठ घंटे पढ़ाई की वो आगे जाकर डॉक्टर बनना चाहती है। श्रेय मां रुबिना परवीन व गुरुजनों को दिया। स्कूल के संचालक विशाल सक्सेना व परिजनों ने छात्रा का स्वागत किया।
सिविल सेवा में जाना चाहता है शिवम-
राजकीय उमावि अकतास का छात्र शिवम मीणा पुत्र शंभूलाल मीणा ने 576 अंक प्राप्त कर 96 प्रतिशत बनाई है। वो सिविल सर्विस में जाकर देश की सेवा करना चाहता है।छात्र ने नियमित रूप से 8 घंटे पढ़ाई की। सफलता का श्रेय परिजनों व गुरुजनों को दिया। प्रधानाचार्य अर्चना पाटीदार, व्याख्याता महेश कुमार, अखिलेश कुमार पाटीदार आदि ने छात्र को माला पहनाकर स्वागत किया।
व्याख्याता बनना चाहती है नियति-
शहर के आदर्श विद्या मंदिर पाटन रोड की छात्रा नियति नागर पुत्री चन्द्र प्रकाश नागर ने दसवीं बोर्ड में 95.33 फीसदी अंक प्राप्त किए। नियति कॉलेज व्याख्याता बनना चाहती है। उसने नियमित रुप से 6 घंटे अध्ययन किया।
ऐसा रहा जिले का परीक्षा
श्रेणी छात्र छात्रा प्रतिशत
प्रथम श्रेणी 2439 2772 32.06
द्वितीय श्रेणी 3704 3395 43.68
तृतीयश्रेणी 2449 1493 24.26
ऐसा रहा गत छह सालों का परिणाम-
वर्ष परीक्षा परिणाम
2018 71.26
2019 76.6
2020 72.43
2021 99.42
2022 74.84
2023 84.50
गतवर्ष से अच्छा रहा परिणाम
जिले का दसवीं बोर्ड परीक्षा परिणाम अच्छा रहा। गत वर्ष से इस बार 10 फीसदी परिणाम सुधरा है। काफी छात्रों के अच्छे अंक आए है। 32 फीसदी विद्यार्थी प्रथम श्रेणी में पास हुए।
हरिशंकर शर्मा,एडीईओ, माध्यमिक,झालावाड़।