अब तक इंडियन हॉकी टीम का हर तरफ भौकाल सेट हो गया था। जर्मनी ने इंडिया को मैसेज भिजवाया कि अगर आपकी टीम हमारे यहां आएगी तो खर्चा हम उठाएंगे। फिर इंडियन टीम गई, कई मैच खेले और आखिरी मैच में बर्लिन-11 को 4 गोलों से हराया। अब तक ध्यानचंद के दीवाने विदेशों में भी बहुत हो गए थे। इससे जुड़ा एक मजेदार किस्सा है। चेकोस्लोवाकिया में ध्यानचंद के खेल से इम्प्रेस होकर एक युवती उनके पास गई और बोली, ‘तुम किसी एजेंल की तरह लगते हो, क्या मैं तुम्हें किस कर सकती हूं?’ ये सुनते ध्यानचंद सकपका गए और बोले, ‘सॉरी मैं शादीशुदा हूं। मुझे माफ करें।