
इस तस्वीर को सोशल मीडिया से लिया गया है।
बच्चों की शैक्षणिक गुणवत्ता परखने के लिए राष्ट्रीय स्तर पर हो रहे स्टेट एजुकेशन अचीवमेण्ट सर्वे (सेस) में जनपद के लगभग 17 हज़ार बच्चे शामिल होंगे। नैशनल काउंसिल ऑफ एजुकेशनल रिसर्च एंड ट्रेनिंग (एनसीईआरटी) के निर्देशन में राष्ट्रीय स्तर पर हो रहे सर्वे में जनपद के 601 विद्यालयों के कक्षा 3, 6 और 9 के मेधावी बच्चे शामिल होंगे। परीक्षा के लिए 662 पर्यवेक्षक तैनात किए गए हैं। परीक्षा ओएमआर (ऑप्टिकल मार्क रिंग नेविगेशन) शीट पर होगी। टेस्ट में अंग्रेजी व हिन्दी माध्यम के विद्यालय शामिल होंगे। टेस्ट में बच्चों के साथ विद्यालय के लिए भी प्रश्नोत्तरी होगी, जिसे भरना है।
ऐसे होगा सर्वे
परीक्षा में शामिल होने वाले बच्चों को पेपर दिए जाएंगे। प्रश्न पत्र का स्तर हर कक्षा का अलग होगा, जिसमें हिन्दी, अंग्रेजी व गणित के सवाल पूछे जाएंगे। इस सर्वे से विषयवार बच्चों की स्थिति आंकी जा सकेगी तो ब्लॉकवार पढ़ाई की स्थिति सामने आएगी।
बारीकी से होगा विश्लेषण
सर्वे का उम्र, राज्य, जेण्डर व विषयवार बारीकी से विश्लेषण किया जाएगा। एक्सपर्ट से राय लेकर पढ़ाई की योजना बनायी जाएगी। बच्चों को गणित डरा रही है या अंग्रेजी, उनको हिन्दी के शब्द कठिन लग रहे हैं या अंग्रेजी का अनुवाद। विद्यार्थी किन क्षेत्रों में कम सीख पा रहे है, उसके आधार पर एनसीईआरटी अपने पाठ्यक्रम को बनाएगी।
Published on:
03 Nov 2023 06:55 am
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