
राघव चड्ढा की तारीफ और AAP पर तंज
UP Politics: झांसी में शुक्रवार को सखी के हनुमान मंदिर में एक धार्मिक कार्यक्रम आयोजित हुआ। इस कार्यक्रम में उत्तर प्रदेश के पूर्व उपमुख्यमंत्री और राज्यसभा सदस्य डॉ. दिनेश शर्मा ने हिस्सा लिया। उन्होंने हिंदू समाज से जुड़े कई महत्वपूर्ण मुद्दों पर अपनी बात रखी। दिनेश शर्मा ने हिंदुओं से तीन बच्चे पैदा करने की वकालत की। उन्होंने कहा कि राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (RSS) के सरसंघचालक का तीन बच्चों का सिद्धांत सही है। उन्होंने एक बच्चे की नीति को घातक बताया। उनका कहना था कि यह नीति परिवार के रिश्तों को कमजोर कर रही है। डॉ. शर्मा ने जोर देकर कहा कि हिंदू समाज को अपनी संख्या बढ़ानी चाहिए, नहीं तो भविष्य में समस्याएं आ सकती हैं।
डॉ. दिनेश शर्मा ने दावा किया कि कश्मीर, नागालैंड, अरुणाचल प्रदेश समेत दस राज्यों में हिंदू अल्पसंख्यक हो गए हैं। उन्होंने कहा कि इन राज्यों में हिंदुओं को अल्पसंख्यक का दर्जा मिलना चाहिए। इसके अलावा उन्होंने बताया कि देश के 102 जिलों में भी हिंदू अल्पसंख्यक बन गए हैं। इन जिलों के हिंदुओं को भी अल्पसंख्यक के अधिकार दिए जाने चाहिए। डॉ. शर्मा ने कहा कि जनसंख्या के मामले में सतर्क रहना जरूरी है।
कार्यक्रम के दौरान डॉ. दिनेश शर्मा से आम आदमी पार्टी (आप) के नेता राघव चड्ढा को राज्यसभा में उपनेता पद से हटाए जाने के बारे में सवाल पूछा गया। इसका जवाब देते हुए डॉ. शर्मा ने राघव चड्ढा की तारीफ की। उन्होंने उन्हें अच्छा वक्ता बताया। कहा कि राघव चड्ढा ने संसद में कुछ अच्छे मुद्दे उठाए थे। लेकिन आम आदमी पार्टी को यह पसंद नहीं आया। उनकी लोकप्रियता आप नेताओं को नहीं पसंद आया ।डॉ. शर्मा ने टिप्पणी की कि आम आदमी पार्टी अब खास आदमियों की पार्टी बन चुकी है।
यूजीसी से जुड़े सवाल पर डॉ. दिनेश शर्मा ने कहा कि कुछ दिनों और इंतजार करना चाहिए। पश्चिम एशिया में चल रहे युद्ध के दौरान विपक्ष पर गैस की कमी की अफवाह फैलाने का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि केंद्र सरकार इस मामले में गंभीरता से काम कर रही है। तेल के दामों को स्थिर रखने के लिए सरकार ने एक्साइज ड्यूटी कम की है। इस धार्मिक कार्यक्रम में कई नेता और संत मौजूद रहे। इनमें मंत्री मनोहर लाल कोरी, महापौर बिहारी लाल आर्य, अर्पित महाराज, विधायक जवाहरलाल राजपूत, विधायक रामरतन कुशवाहा, एमएलसी बाबूलाल तिवारी, रामतीर्थ सिंघल, विधायक रश्मि आर्या और पीठाधीश्वर नागा मोहनदास महाराज आदि शामिल थे।
Updated on:
04 Apr 2026 08:05 am
Published on:
04 Apr 2026 08:05 am
Copyright © 2026 Patrika Group. All Rights Reserved.
