18 जनवरी 2026,

रविवार

Patrika LogoSwitch to English
icon

मेरी खबर

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

ये सुन आप भी कहेंगे, ऐसी पत्नी तो भगवान किसी को न दे

अलग-अलग स्थानों पर दो ऐसे मामले सामने आए जिसके बारे में जिसने भी सुना सिर्फ यही कहा- भगवान ऐसी पत्नी किसी को न दे।

2 min read
Google source verification

image

Abhishek Gupta

Jan 13, 2016

Suicide

Suicide

झांसी.
अलग-अलग स्थानों पर दो ऐसे मामले सामने आए जिसके बारे में जिसने भी सुना सिर्फ यही कहा- ऐसी पत्नी तो भगवान किसी को न दे। इसमें से एक मामले में तो पत्नी ने ही पति की जान ले ली। जबकि, दूसरे मामले में पत्नी मायके गई तो आने को तैयार ही नहीं हुई, सो पति ने फंदे पर लटक कर जान दे दी।


पहला मामला-


बड़ागांव थाना क्षेत्र के रहने वाले हरीसिंह ने पुलिस को बताया कि उसका बेटा सतेंद्र अपनी पत्नी सविता के साथ खेत पर फसल की सिंचाई करने गया था। कई घंटे के बाद खेत से वापस आकर सविता ने बताया कि सतेंद्र की तबीयत खराब हो गई है। जब उसके परिजन खेत पर पहुंचे तो वहां सतेंद्र की मौत हो चुकी थी। शव को घर लाया गया। यहां पर देखने पर पता चला कि सतेंद्र के गले व अन्य हिस्सों पर खरोंच या नीले-नीले से कुछ निशान थे। इस पर परिजनों को संदेह हुआ और जब सविता से पूछताछ की, तो वह संतोषजनक उत्तर नहीं दे पाई। मामला पुलिस के संज्ञान में लाया गया। शव का पोस्टमार्टम कराने पर पता चला कि सतेंद्र की मौत तो गला घोंटने से हुई। इस पर पुलिस ने संदेह होने पर सतेंद्र की पत्नी सविता को हिरासत में लेकर पूछताछ शुरू कर दी है।


दूसरा मामला-


उधर, दूसरा मामला बरुआसागर थाने के कोलवा से जुड़ा है। यहां के पुष्पेंद्र की शादी नौ महीने पहले ही रक्सा में हुई थी। उसकी पत्नी दूसरी बार की विदा में मायके चली गई। उसके बाद से कई बार पुष्पेंद्र ने पत्नी को बुलाने की कोशिश की, लेकिन वह आने को तैयार ही नहीं हुई। पत्नी के इस रवैये के बाद पुष्पेंद्र ने अपने कमरे में फांसी का फंदा लगाकर आत्महत्या कर ली। सूचना मिलने पर पहुंची पुलिस ने शव को फंदे से उतरवाकर पोस्टमार्टम के लिए भिजवाया।