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Jhunjhunu News: 3 महीने के मासूम ने अपने पिता की अर्थी को दी मुखाग्नि, रो पड़ा पूरा गांव, पुलिस हिरासत में हुई थी मौत

शव घर पहुंचते ही कोहराम मच गया और परिजनों को लोगों ने ढांढस बंधाया, लेकिन जब मृतक के तीन माह के बच्चे से अर्थी को कंधा व मुखाग्नि देने की रस्म निभाई तो सभी की आंखें नम हो गईं।

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Funeral

प्रतीकात्मक तस्वीर

राजस्थान के झुंझुनूं में पुलिस हिरासत में मौत का शिकार हुए युवक सीपुर निवासी पप्पूराम मीणा (28) का पोस्टमार्टम के बाद अंतिम संस्कार कर दिया गया। तीन माह के बेटे से मुखाग्नि दिलवाई गई। पुलिस हिरासत में प्रताड़ना से 13 अप्रेल को पप्पूराम की मौत हो गई थी।

चार दिन तक चले धरना-प्रदर्शन के बाद झुंझुनूं के जिला अस्पताल में मेडिकल बोर्ड से पोस्टमार्टम के बाद पप्पूराम मीणा का पैतृक गांव सीपुर में अंतिम संस्कार किया गया। इस दौरान मृतक के तीन माह के बच्चे से अर्थी को कंधा और मुखाग्नि देने की रस्म निभाई तो उपस्थित जनसमुदाय की आंखें नम हो गईं। इससे पहले खेतड़ी डीएसपी, एसएचओ समेत 8 जनों के खिलाफ हत्या का मामला दर्ज होने के बाद मामला शांत हुआ था।

क्या था मामला

खेतड़ी थाना क्षेत्र में 220 कट्टे ग्वार की चोरी के मामले में सीपुर निवासी पप्पूराम मीणा (28) को छह अप्रेल की रात को नयाबास (नीमकाथाना) से उसकी बहन के घर से तीन गाड़ियों में सवार होकर आए पुलिसकर्मी ले गए। परिजनों का कहना है कि वो जब अगले दिन खेतड़ी थाने गए तो पप्पूराम से मिलने नहीं दिया गया। इस दौरान परिजनों से पुलिस ने पप्पूराम को छोड़ने के नाम पर दो लाख रुपए भी ले लिए, इसके बाद भी नहीं छोड़ा।

13 अप्रेल की रात को फोन किया कि पप्पूराम की तबियत खराब हो गई, मिलने आ जाओ। जाकर देखा तो उसके पैरों में सूजन थी और मौत हो चुकी थी। प्रदर्शनकारियों से हुए समझौते के बाद खेतड़ी डीएसपी, एसएचओ समेत 8 जनों के खिलाफ हत्या करने के आरोप का मामला दर्ज हुआ तथा जांच सीआईडी-सीबी को सौंपी गई। मृतक के आश्रित को अजीतगढ़ नगरपालिका, स्वास्थ्य विभाग में संविदा नौकरी देने का आश्वासन दिया गया।

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नम हुईं आंखें

इससे पहले मृतक पप्पूराम मीणा का शव पुलिस सीआई मांगीलाल, उप निरीक्षक हेमराज मीणा के नेतृत्व में खेतड़ी पुलिस जाब्ते के साथ लेकर आए। शव घर पहुंचते ही कोहराम मच गया और परिजनों को लोगों ने ढांढस बंधाया, लेकिन जब मृतक के तीन माह के बच्चे से अर्थी को कंधा व मुखाग्नि देने की रस्म निभाई तो सभी की आंखें नम हो गईं।

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