1 जनवरी 2026,

गुरुवार

Patrika LogoSwitch to English
home_icon

मेरी खबर

icon

प्लस

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

गुस्से में आए पिता ने बेटी को दीवार पर पटका, मौके पर मौत

पत्नी को लेने आए पति को जब उसके साथ नहीं भेजा तो पिता अपनी नानी सास से मासूम बेटी को लेने लगा, इसी दौरान आवेश में आकर उसने बेटी को दीवार की तरफ फेंक दिया, जिससे पंद्रह माह की मासूम की मौत हो गई।

2 min read
Google source verification
Father killed fifteen months old daughter in Jhunjhunu

नवलगढ़(झुंझुनूं)। वह अभी मासूम थी। बोलती भी तुतलाकर थी। माता-पिता को पहचानने ही लगी थी। लेकिन परिवार के कलह व गुस्से ने मासूम बेटी की जान ले ली। अपनी पत्नी को लेने आए पति को जब उसके साथ नहीं भेजा तो पिता अपनी नानी सास से मासूम बेटी को लेने लगा, इसी दौरान आवेश में आकर उसने बेटी को दीवार की तरफ फेंक दिया, जिससे पंद्रह माह की मासूम की मौत हो गई।

पुलिस के अनुसार उदयपुरवाटी थानांतर्गत गांव गिरधरपुरा निवासी कैलाश मेघवाल पुत्र मूलचंद की पत्नी कविता का पीहर परसरामपुरा गांव में है। करीब 10 दिन पूर्व गणगौर के त्योहार पर ननिहाल कैरू गांव आई हुई थी। कविता को लेने के लिए रविवार सुबह करीब 10.30 बजे उसका पति कैलाश व उसके दो साथी दो मोटरसाइकिलों से कैरू गांव आए। कविता के मामा विजयपाल ने बताया कि कैरू आते ही कैलाश ने पत्नी के ननिहाल वालों से उसे साथ भेजने के लिए कहा। कविता के मामा विजयपाल व नाना ने कविता को भेजने से मना कर दिया।

इस बात को लेकर कैलाश गुस्से से आ गया और कविता की नानी दुर्गा देवी की गोद में खेल रही अपनी 15 महीने की मासूम बेटी ओजस्वी को छीनकर ले लिया। कुछ क्षण बाद कैलाश ने अपनी ही मासूम पुत्री ओजस्वी को दीवार पर पटक दिया।

यह भी पढ़ें : परीक्षा देकर लौट रहे युवक की हादसे में मौत, अगले महीने थी शादी, परिवार में मचा कोहराम

मौके पर मौजूद लोग ओजस्वी को लेकर नवलगढ़ राजकीय अस्पताल लेकर आए जहां चिकित्सकों ने बच्ची को मृत घोषित कर दिया। देर शाम ओजस्वी का परसरामपुरा में अंतिम संस्कार कर दिया गया। सूचना के बाद मौके पर पहुंची पुलिस टीम ने कैलाश मेघवाल को हिरासत में ले लिया। घटना के समय कविता घर से बाहर गई हुई थी।

यह भी पढ़ें : छात्रा की चाकू से गोदकर हत्या, आरोपी छात्र ने भी विषाक्त खाकर दी जान

एक ही घर में दो बहन
परसरामपुरा निवासी मंगलचंद की पुत्री कविता व भारती की शादी गिरधरपुरा निवासी सगे भाइयों कैलाश व जीवण मेघवाल के साथ हुई थी। परिवार के कलह के कारण कविता भी ससुराल नहीं जा रही थी।