
फोटो पत्रिका नेटवर्क
झुंझुनूं। खेतड़ी क्षेत्र के मेहाड़ा जाटूवास गांव में ओवरलोड डंपर से कुचलकर एक बुजुर्ग की मौत के बाद शनिवार रात को माहौल तनावपूर्ण हो गया। घटना से आक्रोशित ग्रामीणों ने शव उठाने पहुंची पुलिस का विरोध किया और देखते ही देखते मामला उग्र हो गया। ग्रामीणों ने पुलिस वाहन में तोड़फोड़ कर पुलिसकर्मियों पर पथराव कर दिया। देर रात पथराव में मेहाड़ा थानाधिकारी राम मनोहर, खेतड़ी थानाधिकारी मोहनलाल गुर्जर सहित हेड कांस्टेबल शकुंतला व कांस्टेबल गौतम घायल हो गए। पुलिस ने मामले में कार्रवाई करते हुए देर रात 22 लोगों को शांतिभंग के आरोप में गिरफ्तार किया। वहीं, रविवार को ग्रामीणों ने गिरफ्तारी और डंपर जब्त करने की मांग को लेकर करीब साढ़े छह घंटे तक धरना भी दिया।
मेहाड़ा जाटूवास निवासी धूडाराम (73) शनिवार रात करीब साढ़े सात बजे गौशाला से घर लौट रहे थे। इसी दौरान राजकीय प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र के सामने तेज गति से आए एक ओवरलोड डंपर ने उन्हें कुचल दिया। जिससे उनकी मौके पर ही मौत हो गई। घटना के बाद डंपर चालक वाहन लेकर फरार हो गया। सूचना पर मेहाड़ा पुलिस मौके पर पहुंची और शव को कब्जे में लेकर मोर्चरी ले जाने का प्रयास किया।
इसी दौरान सैकड़ों ग्रामीण वहां एकत्र हो गए और पुलिस वाहन को रोकते हुए शव ले जाने से इनकार कर दिया। ग्रामीणों के विरोध के चलते मौके पर तनाव बढ़ गया। पुलिस और ग्रामीणों के बीच तीखी बहस हुई। इसी दौरान कुछ लोगों ने पुलिस वाहन में तोड़फोड़ कर दी और पुलिसकर्मियों पर पथराव शुरू कर दिया। अचानक हुए हमले में मेहाड़ा थानाधिकारी राम मनोहर, खेतड़ी थानाधिकारी मोहनलाल गुर्जर सहित कई पुलिसकर्मी घायल हो गए। बाद में घायल पुलिसकर्मियों का मेहाड़ा अस्पताल में प्राथमिक उपचार कराया गया।
मेहाड़ा पुलिस ने कार्रवाई करते हुए पथराव के आरोप में 22 लोगों को शांतिभंग के आरोप में गिरफ्तार किया। गिरफ्तार आरोपियों में राजपाल, हितेश, रवि, मोहनलाल, पवन, कुलदीप, साहिल, ओमप्रकाश, अनुज, धर्मपाल, विक्रम सिंह, निशु, कुरडाराम, लीलाराम, राजकुमार, साहिल, कोशेन्द्र शर्मा, अंकित कुमार, संदीप, रामफल, संदीप और दोदराम आदि ग्रामीण शामिल हैं।
रात को हुए घटनाक्रम के बाद रविवार सुबह करीब आठ बजे ग्रामीण गोगाजी खेल स्टेडियम में बरगद के पेड़ के नीचे दरी बिछाकर धरने पर बैठ गए। ग्रामीणों की मांग थी कि रात में गिरफ्तार किए गए लोगों को छोड़ा जाए और दुर्घटना करने वाले डंपर को जब्त किया जाए। मामले की सूचना पर बुहाना के उपाधीक्षक एनआर भाकर मौके पर पहुंचे और ग्रामीणों से बातचीत कर समझाइश की। करीब साढ़े छह घंटे बाद अपराह्न लगभग ढाई बजे ग्रामीणों ने धरना समाप्त कर दिया और शव का पोस्टमार्टम कराने पर सहमति बनी।
इसके बाद शांतिभंग के आरोप में गिरफ्तार सभी 22 लोगों को खेतड़ी उपखंड न्यायालय में पेश किया गया। मृतक के पुत्र अनिल गहलावत ने मेहाड़ा थाने में रिपोर्ट दर्ज कराई कि 7 मार्च की रात उनके पिता धूडाराम गौशाला से घर लौट रहे थे। इसी दौरान तेज गति और लापरवाही से चलाए जा रहे डंपर ने उन्हें कुचल दिया, जिससे उनकी मौत हो गई। घटना के बाद चालक डंपर लेकर फरार हो गया। पुलिस ने रिपोर्ट के आधार पर डंपर चालक के खिलाफ लापरवाही से वाहन चलाकर दुर्घटना करने का मामला दर्ज कर लिया है।
Updated on:
8 Mar 2026, 7:25 PM IST
Published on:
8 Mar 2026, 7:25 PM IST
Copyright © 2026 Patrika Group. All Rights Reserved.