
यह हैं भारत के गांवों की धाकड़ बेटियां, जिनसे थर्राएंगे दुश्मन
priya sharma and mohana sing
झुंझुनूं. दुश्मन पर फतेह करने की बात आती है तो सबसे पहले राजस्थान के शेखावाटी का नाम लिया जाता है। चाहे कोई युद्ध हो या ऑपरेशन, हमारे लाडले हमेशा आगे रहे हैं। अब शेखावाटी की बेटियां भी दुश्मन से लोहा लेने को तैयार हैं।चूरू व झुंझुनूं की बेटियां अब वायु सेना के फाइटर प्लेन उड़ा रही है। दुश्मन के ठिकानों को तबाह करने का प्रशिक्षण ले चुकी है। ऐसी ही बेटियां हैं झुंझुनूं के पापड़ा गांव की मोहना ङ्क्षसह, पिलानी के पास घूमनसर कला गांव की प्रिया शर्मा, चूरू जिले के नरवासी गांव की प्रतिभा पूनिया व रतनपुरा गांव की वीणा सहारण।
प्रिया शर्मा
पिलानी के पास घूमनसर कला गांव की प्रिया शर्मा अब वायु सेना के लड़ाकू विमान उड़ाकर दुश्मनों के ठिकाने तबाह करेगी।प्रिया शर्मा की दो साल की ट्रेनिंग हैदराबाद में पूरी हुई।प्रिया ने एमएनआइटी जयपुर से बीटेक किया और बीटेक करते ही एयरफोर्स में फाइटर पायलट बनने का आवेदन कर दिया। प्रिया के पिता मनोज कुमार भी एयरफोर्स में स्कवाड्रन लीडर हैं।प्रिया का भाई अंशुल एम्स जोधपुर में एमबीबीएस की पढ़ाई कर रहा है। वहीं दादा मदनलाल प्रयोगशाला सीरी(पिलानी) में सर्विस करते थे।अब रिटायर हो चुके हैं।
मोहना सिंह
झुंझुनूं के पापड़ा गांव की बेटी मोहना सिंह भी लड़ाकू विमान उड़ा रही है। इनके दादाजी ने भी एयर फोर्स में सेवा दी थी। अपने परिवार की परंपरा को आगे बढ़ाते हुए मोहना सिंह ने पायलट बनने का इरादा किया।
प्रतिभा पूनिया
चूरू जिले के सादुलपुर उपखंड की गांव नरवासी रामबास निवासी प्रतिभा पूनिया भी फायटर पायलट बन चुकी।प्रतिभा ने प्रारंभिक शिक्षा गांव से ही पूरी की थी तथा राजकीय महाविद्यालय बीकानेर से बी.टेक करने के बाद देहरादून में हुई परीक्षा में उसका भारतीय वायु सेना में फ्लाइंग ऑफिसर के पद पर चयन हुआ। इसके बाद हैदराबाद के डूंडीगल एयर बैस में आयोजित पासिंग आउट परेड में 105 कैडेट््स की कमिशनिंग हुई।
priya sharma and mohana sing
वीणा सहारण
चूरू के रतनपुरा गांव निवासी वीणा सहारण वायुसेना में आईएल-76 नाम का विमान उड़ाती हैं। इस विमान को उड़ाने वाली वे देश की पहली महिला पायलट हैं। इससे पहले इस जहाज को पुरुष पायलट ही उड़ाया करते थे।
Published on:
16 Oct 2019 12:04 pm
बड़ी खबरें
View Allझुंझुनू
राजस्थान न्यूज़
ट्रेंडिंग
